हैदराबाद स्थित AI स्टार्टअप Tensrai Technologies ने प्री-सीड फंडिंग राउंड में **₹3.4 करोड़** जुटाए हैं। कंपनी मौजूदा इंडस्ट्रियल मशीनों को ऑटोनॉमस बनाने के लिए एक खास प्लेटफॉर्म पर काम कर रही है।
फंडिंग और विजन
हैदराबाद की स्टार्टअप Tensrai Technologies ने अपने प्री-सीड फंडिंग राउंड में ₹3.4 करोड़ की पूंजी जुटाई है। इस निवेश का नेतृत्व India Accelerator, Finvolve और Hyderabad Angels ने किया है। कंपनी इस फंड का इस्तेमाल अपनी इंजीनियरिंग टीम को बढ़ाने और अपने ऑटोनॉमस रेट्रोफिटिंग प्लेटफॉर्म को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में उतारने के लिए करेगी।
काम करने का अनूठा तरीका
मार्च 2022 में स्थापित, Tensrai का मुख्य फोकस नई मशीनों को बेचने के बजाय, पुरानी औद्योगिक मशीनों को स्मार्ट और ऑटोनॉमस बनाना है। कंपनी का प्लेटफॉर्म फैक्ट्री और वेयरहाउस में पहले से मौजूद मशीनों और रोबोटिक आर्म्स में सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर इंस्टॉल करता है। विजन-लैंग्वेज-एक्शन मॉडल्स (Vision-Language-Action Models) के जरिए, ये मशीनें बिना किसी मानवीय हस्तक्षेप के खुद नेविगेट करने और काम करने में सक्षम हो जाती हैं।
रेवेन्यू मॉडल और चुनौतियां
Tensrai का रेवेन्यू मॉडल तीन हिस्सों में बंटा है: हार्डवेयर की बिक्री, रेट्रोफिटिंग की सर्विस और 'Robot-as-a-Service' सब्सक्रिप्शन। यह उन कंपनियों के लिए एक सस्ता विकल्प हो सकता है जो नई महंगी मशीनें खरीदे बिना ऑटोमेशन अपनाना चाहती हैं।
हालांकि, बाजार में प्रतिस्पर्धा बहुत कड़ी है। ग्लोबल स्तर पर रोबोटिक्स और ऑटोमेशन सेक्टर में 1,650 से ज्यादा कंपनियां हैं, जिनमें Geekplus और Agile Robots जैसे बड़े नाम शामिल हैं। Tensrai के सामने अब सबसे बड़ी चुनौती यह साबित करना है कि उनकी रेट्रोफिटिंग तकनीक हर तरह की मशीनों के साथ तालमेल बिठा सकेगी या नहीं।
