AI की दुनिया में Gushwork की बड़ी छलांग
डिजिटल दुनिया में AI का बोलबाला है, और इसी ट्रेंड का फायदा उठाने के लिए India-founded स्टार्टअप Gushwork ने अपनी पहली बड़ी सीड फंडिंग (Seed Funding) पूरी कर ली है। कंपनी ने $9 मिलियन (लगभग ₹75 करोड़) की यह फंडिंग Susquehanna International Group (SIG) और Lightspeed की अगुवाई में जुटाई है। इस राउंड के बाद, Gushwork का पोस्ट-मनी वैल्यूएशन (Post-Money Valuation) $33 मिलियन (लगभग ₹273 करोड़) तक पहुंच गया है। यह 2023 जुलाई में हुए $2.1 मिलियन के प्री-सीड राउंड से काफी बड़ी छलांग है।
AI सर्च से ग्राहकों तक पहुंचने का नया तरीका
आजकल लोग किसी भी प्रोडक्ट या सर्विस को ढूंढने के लिए AI-पावर्ड सर्च इंजन का इस्तेमाल कर रहे हैं। Gushwork इसी बदलाव को भुनाने के लिए तैयार है। कंपनी AI एजेंट्स का इस्तेमाल करती है जो ऑटोमैटिकली सर्च-ऑप्टिमाइज्ड कंटेंट बनाते हैं और बैकलिंक्स (Backlinks) तैयार करते हैं। इसका मकसद पारंपरिक गूगल सर्च के साथ-साथ ChatGPT और Google के AI Overviews जैसे नए AI इंटरफेस पर भी बिजनेस की पहचान (Discoverability) बढ़ाना है। यह कदम इसलिए भी अहम है क्योंकि AI सर्च से 2028 तक अमेरिकी रेवेन्यू में $750 बिलियन का प्रभाव पड़ने का अनुमान है।
ज़बरदस्त ग्रोथ और बढ़ते ग्राहक
Gushwork के फाउंडर्स Nayrhit Bhattacharya और Adithya Venkatesh के मुताबिक, उनका AI सर्च पर फोकस करने का फैसला बिलकुल सही साबित हुआ है। कंपनी के अभी 300 से ज्यादा पेड कस्टमर्स हैं, जो ज्यादातर अमेरिका में हैं। इनकी मंथली सब्सक्रिप्शन फीस $800 से शुरू होती है। पिछले 3 महीनों में AI सर्च पर फोकस करने वाले प्रोडक्ट लॉन्च के बाद, Gushwork का एनुअल रिकरिंग रेवेन्यू (Annual Recurring Revenue - ARR) $1.5 मिलियन (लगभग ₹12.5 करोड़) तक पहुंच गया है। कंपनी हर महीने 50% से 80% की रफ्तार से बढ़ रही है और अगले तिमाही तक $3 मिलियन से $3.5 मिलियन ARR का लक्ष्य लेकर चल रही है।
मार्केट में Gushwork की अपनी अलग पहचान
AI सर्च इंजन का मार्केट तेजी से बढ़ रहा है, और 2032 तक इसके $108.88 बिलियन तक पहुंचने का अनुमान है। Gushwork ऐसे स्पेस में काम कर रही है जहां कई कंपनियां AI ऑटोमेशन, मार्केटिंग और SEO टूल्स बेच रही हैं। हालांकि, Gushwork की खासियत यह है कि यह AI एजेंट्स का इस्तेमाल खास तौर पर AI डिस्कवरी चैनल (जैसे ChatGPT) से लीड जनरेट करने पर केंद्रित है। खास बात यह है कि Gushwork के कस्टमर्स की वेबसाइट ट्रैफिक का लगभग 20% AI सर्च और चैट प्लेटफॉर्म से आता है, लेकिन यहां से 40% तक इनबाउंड लीड्स (High-Intent Leads) मिल रही हैं, जो कहीं ज्यादा कनवर्टिंग हैं।
चुनौतियां और भविष्य की राह
हालांकि, Gushwork के सामने कुछ चुनौतियां भी हैं। कंपनी पूरी तरह से ChatGPT और Gemini जैसे तीसरे पक्ष के AI प्लेटफॉर्म पर निर्भर है, जिनके एल्गोरिदम या नीतियों में कोई भी बदलाव Gushwork के काम को प्रभावित कर सकता है। AI सर्च में अक्सर 'जीरो-क्लिक' व्यवहार देखा जाता है, जहां 93% AI सर्च सेशन बिना किसी वेबसाइट क्लिक के खत्म हो जाते हैं। इसलिए, AI जवाबों के लिए सीधे कंटेंट को ऑप्टिमाइज (Optimize) करना एक जटिल काम है। AI SEO मार्केट काफी कॉम्पिटिटिव (Competitive) है, और नए खिलाड़ी तेजी से उभर रहे हैं।
आगे क्या?
Gushwork इस नई फंडिंग का इस्तेमाल अपनी इंजीनियरिंग टीम को मजबूत करने, AI मॉडल की सटीकता (Accuracy) को बेहतर बनाने और अपनी सेल्स और मार्केटिंग (Go-to-Market) पहलों को बढ़ाने के लिए करेगी। कंपनी के पास पहले से ही 800 से ज्यादा बिजनेस की वेटलिस्ट है, जो ऑनबोर्डिंग का इंतजार कर रहे हैं। Gushwork का मुख्य लक्ष्य बिजनेस को ऑनलाइन विजिबिलिटी (Visibility) बढ़ाना और AI डिस्कवरी चैनलों से हाई-इंटेंट लीड्स कैप्चर करने में मदद करना है।
