Google ने भारतीय स्टार्टअप्स को वैश्विक बाज़ार पहुँच और नए AI मॉडलों से सशक्त बनाया

STARTUPSVC
Whalesbook Logo
AuthorAditya Rao|Published at:
Google ने भारतीय स्टार्टअप्स को वैश्विक बाज़ार पहुँच और नए AI मॉडलों से सशक्त बनाया
Overview

Google ने भारतीय स्टार्टअप्स को वैश्विक विस्तार और AI एप्लिकेशन विकास में सहायता के लिए एक मार्केट एक्सेस प्रोग्राम और नए Gemma AI मॉडल लॉन्च किए हैं। यह पहल आंध्र प्रदेश में ग्रीन-एनर्जी-संचालित AI हब सहित भारत के AI इंफ्रास्ट्रक्चर में Google के व्यापक निवेश का समर्थन करती है। यह कार्यक्रम स्टार्टअप्स को स्केल करने में मदद करने के लिए रणनीतिक मार्गदर्शन, वैश्विक नेटवर्क पहुँच और उन्नत कंप्यूटिंग संसाधन प्रदान करता है।

Google ने अपना मार्केट एक्सेस प्रोग्राम लॉन्च किया है जिसका उद्देश्य भारतीय स्टार्टअप्स को अंतरराष्ट्रीय बाजारों में प्रवेश करने में मदद करना है। इस नई पहल, जिसकी घोषणा गुरुवार को हुई, का उद्देश्य स्थानीय कंपनियों के लिए प्रवेश बाधाओं को दूर करना और उनके विकास को गति देना है। यह भारत के AI इंफ्रास्ट्रक्चर में Google के महत्वपूर्ण निवेश का पूरक है।

वैश्विक पहुँच को बढ़ावा देना

यह कार्यक्रम AI-फर्स्ट स्टार्टअप्स के लिए डिज़ाइन किया गया है जो प्रारंभिक प्रोटोटाइप चरण से आगे बढ़ चुके हैं। यह वैश्विक एंटरप्राइज बिक्री, मूल्य निर्धारण रणनीतियों और अंतरराष्ट्रीय खरीदार मनोविज्ञान को समझने में विशेषज्ञ प्रशिक्षण प्रदान करता है। स्टार्टअप्स को विश्व स्तर पर CIOs और CXOs से सुगम परिचय के माध्यम से Google के व्यापक वैश्विक नेटवर्क तक पहुँच भी मिलेगी।

स्टार्टअप्स के लिए उन्नत AI उपकरण

मार्केट एक्सेस पहल के साथ ही, Google ने अपने Gemma ओपन मॉडल परिवार में नए সংযोजन पेश किए हैं। MedGemma 1.5 को हेल्थकेयर AI के लिए तैयार किया गया है, जो स्टार्टअप्स को बड़े पैमाने पर मेडिकल इमेजिंग डेटा को प्रोसेस करने की अनुमति देता है। FunctionGemma, एक हल्का मॉडल, ऑन-डिवाइस, एजेंट-आधारित सिस्टम के लिए फंक्शन कॉलिंग को ऑप्टिमाइज़ करता है, जिससे सुरक्षित स्थानीय क्रियाएं सक्षम होती हैं।

इन AI मॉडलों का उद्देश्य डेवलपर्स को प्रोडक्शन-रेडी, स्केलेबल AI एप्लिकेशन बनाने के लिए मजबूत बिल्डिंग ब्लॉक प्रदान करना है। Google ने इस बात पर प्रकाश डाला कि ये लॉन्च भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था और नवाचार पारिस्थितिकी तंत्र के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को मजबूत करते हैं, जो क्षेत्र में AI इंफ्रास्ट्रक्चर में $15 बिलियन के पिछले निवेश पर आधारित हैं।

Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.