जेनरेटिव वॉयस AI स्टार्टअप ElevenLabs ने एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। कंपनी का वैल्यूएशन बढ़कर **$22 बिलियन** हो गया है, जिसकी मुख्य वजह **$300 मिलियन** का सेकेंडरी शेयर सेल है। इस कदम से कर्मचारियों को अपनी इक्विटी कैश आउट करने का मौका मिला है, जिससे कंपनी बेहतरीन टैलेंट को अपने साथ बनाए रखने में सफल रही है।
वैल्यूएशन में भारी उछाल
AI की दुनिया में धूम मचाने वाली कंपनी ElevenLabs ने एक बार फिर सबको हैरान कर दिया है। कंपनी का वैल्यूएशन अब $22 बिलियन तक पहुंच चुका है, जो कि महज कुछ महीने पहले $11 बिलियन के स्तर पर था। यह तेजी $300 मिलियन के सेकेंडरी टेंडर ऑफर के बाद आई है।
सेकेंडरी टेंडर ऑफर क्यों?
आमतौर पर कंपनियां बिजनेस चलाने के लिए नए शेयर जारी करती हैं, लेकिन यहाँ कहानी थोड़ी अलग है। सेकेंडरी टेंडर ऑफर के जरिए कंपनी अपने मौजूदा कर्मचारियों और शुरुआती शेयरधारकों को अपने शेयर्स बेचने का मौका देती है। AI सेक्टर में टैलेंट के लिए मची होड़ को देखते हुए, ElevenLabs इसे एक रिटेंशन टूल के तौर पर इस्तेमाल कर रही है। इससे न केवल कर्मचारियों को लिक्विडिटी मिलती है, बल्कि कंपनी की वैल्यू भी तेजी से ऊपर जाती है।
बड़े इन्वेस्टर्स का भरोसा
इस डील में Wellington और T. Rowe Price जैसे दिग्गज ग्लोबल इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स ने पैसा लगाया है। ये कंपनियां लंबी अवधि के लिए निवेश करने के लिए जानी जाती हैं, जिसे मार्केट एनालिस्ट कंपनी की ग्रोथ क्षमता पर बड़े भरोसे के रूप में देख रहे हैं। पिछले सितंबर में कंपनी की वैल्यू $6.6 बिलियन थी, जो अब $22 बिलियन हो गई है।
निवेशकों के लिए संकेत
हालांकि यह वैल्यूएशन निवेशकों का भरोसा दिखाती है, लेकिन भविष्य में सफलता का असली पैमाना कंपनी का रेवेन्यू और लॉन्ग-टर्म प्रॉफिट ग्रोथ होगा। आने वाले समय में कंपनी की रेवेन्यू ग्रोथ, प्रोडक्ट एडॉप्शन और संभावित पब्लिक ऑफर (IPO) की खबरों पर निवेशकों की नजर बनी रहेगी।
