शुक्रवार के कारोबारी सत्र में बाजार का मिजाज मिला-जुला रहा। Sensex पर टाटा ग्रुप के शेयरों में आई भारी बिकवाली का असर दिखा, जबकि Nifty 50 मामूली बढ़त के साथ बंद हुआ। निवेशक फिलहाल मार्केट की अस्थिरता और IPOs में निवेश के बीच संतुलन बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
टाटा ग्रुप में हलचल और गिरावट
बाजार में आज की गिरावट की मुख्य वजह Tata Sons से जुड़ी लीडरशिप और गवर्नेंस संबंधी खबरें रहीं। निवेशकों ने इन खबरों पर प्रतिक्रिया देते हुए जमकर बिकवाली की। इसका असर Sensex के बड़े शेयरों पर साफ दिखा, जहां TCS के शेयरों में 4.33% की गिरावट दर्ज की गई। वहीं, Tata Steel, Tata Motors और Tata Chemicals जैसे शेयरों में भी दबाव बना रहा, जिससे बाजार की शुरुआती तेजी पर ब्रेक लग गया।
सेक्टर का हाल और VIX
सेक्टोरल इंडेक्स में आज मिला-जुला रुख देखने को मिला। Nifty IT इंडेक्स में 1.03% की गिरावट आई, जबकि Nifty Metal ने बाजार को सहारा देते हुए 1.51% की बढ़त हासिल की। मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स ने बेंचमार्क के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन किया। बाजार में डर का पैमाना माने जाने वाला India VIX भी 7.36% गिरकर 11.39 के स्तर पर आ गया, जो बताता है कि लार्जकैप में बिकवाली के बावजूद पैनिक कम रहा।
IPOs में निवेशकों की दिलचस्पी
सेकेंडरी मार्केट की लिक्विडिटी अब प्राइमरी मार्केट की ओर शिफ्ट हो रही है। कई नए IPOs खुले होने के कारण निवेशक उनमें दांव लगा रहे हैं। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का IPO, जो ₹2.3 बिलियन का है, दूसरे ही दिन पूरी तरह सब्सक्राइब हो गया। इस रुझान से साफ है कि रिटेल और इंस्टीट्यूशनल निवेशक नई लिस्टिंग पर ज्यादा फोकस कर रहे हैं।
ग्लोबल संकेत
कच्चे तेल (Brent Crude) की कीमतों में आई नरमी बाजार के लिए एक राहत भरी खबर रही। ब्रेंट क्रूड 1.35% गिरकर $103.41 प्रति बैरल पर आ गया है। हालांकि, भू-राजनीतिक तनाव के कारण कीमतें अभी भी ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं, जिस पर निवेशकों की नजरें टिकी रहेंगी।
