3 सितंबर 2026 को भारतीय शेयर बाजार में तेजी देखी जा रही है। अमेरिका और ईरान के बीच कम होते तनाव के चलते निवेशकों का भरोसा बढ़ा है, जिससे Sensex और Nifty 50 हरे निशान में खुले हैं।
3 सितंबर 2026 को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत सकारात्मक रही है। पिछले कुछ दिनों की उठा-पटक के बाद, निवेशकों के सेंटिमेंट में सुधार दिख रहा है, जिसका मुख्य कारण ग्लोबल मोर्चे से मिले राहत भरे संकेत हैं।\n\n### तनाव में नरमी का असर\nबाजार में इस तेजी की सबसे बड़ी वजह अमेरिका और ईरान के बीच तनाव का कम होना है। अमेरिका की ओर से आए बयानों ने इस डर को कम कर दिया है कि कोई लंबा संघर्ष छिड़ सकता है, खास तौर पर 'स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज' (Strait of Hormuz) को लेकर, जो ग्लोबल एनर्जी सप्लाई के लिए बहुत अहम है।\n\n### बाजार का हाल\nमिड-कैप और स्मॉल-कैप स्टॉक्स में भी आज खरीदारी देखी जा रही है। सेक्टर की बात करें तो बैंकिंग और रियल एस्टेट शेयरों में निवेशकों की दिलचस्पी सबसे ज्यादा है, जिससे इंडेक्स को मजबूती मिली है। वहीं, दूसरी ओर IT सेक्टर में थोड़ी सुस्ती देखी जा रही है। विदेशी और घरेलू संस्थागत निवेशकों की लिवाली भी इंडेक्स को सहारा दे रही है।\n\n### अब आगे क्या?
भले ही माहौल अभी पॉजिटिव है, लेकिन निवेशकों को सावधानी बरतने की जरूरत है। क्रूड ऑयल की कीमतों में उछाल महंगाई और कंपनियों के मुनाफे पर असर डाल सकता है। साथ ही, अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में होने वाला बदलाव भारत जैसे इमर्जिंग मार्केट्स में विदेशी निवेश (FII Flow) की दिशा तय करेगा। तकनीकी रूप से बाजार अभी कंसोलिडेशन फेज में है, इसलिए इंडेक्स के रेजिस्टेंस लेवल्स पर नजर रखना फायदेमंद रहेगा।
