Sensex: बाजार में लौटी रौनक! 473 अंक उछला सेंसेक्स, DII की खरीदारी ने FII की बिकवाली को थामा

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AuthorAditi Chauhan|Published at:
Sensex: बाजार में लौटी रौनक! 473 अंक उछला सेंसेक्स, DII की खरीदारी ने FII की बिकवाली को थामा

लगातार चार दिनों की गिरावट के बाद भारतीय शेयर बाजार ने दम दिखाया है। सोमवार को Sensex **473 अंक** की बढ़त के साथ **72,382** पर बंद हुआ। घरेलू निवेशकों (DIIs) की जबरदस्त लिवाली और गिरते क्रूड ऑयल के दामों ने बाजार को सहारा दिया है।

भारतीय शेयर बाजारों ने आखिरकार राहत की सांस ली है। सोमवार को सेंसेक्स 472.77 अंक की छलांग लगाकर 72,382.47 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं, Nifty 50 भी 0.6% की तेजी के साथ 22,555.75 पर रहा। यह रिकवरी उन निवेशकों के लिए बड़ी राहत है जो पिछले 8 हफ्तों से जारी गिरावट से परेशान थे।

FIIs बनाम DIIs की जंग

बाजार में इस समय विदेशी निवेशकों (FIIs) और घरेलू निवेशकों (DIIs) के बीच रस्साकशी चल रही है। विदेशी संस्थागत निवेशक लगातार बिकवाली कर रहे हैं, जिससे बाजार में उतार-चढ़ाव बना हुआ है। हालांकि, म्यूचुअल फंड्स, बीमा कंपनियों और बैंकों जैसे घरेलू निवेशकों ने एक मजबूत ढाल का काम किया है। उनकी खरीदारी ने इंडेक्स को गिरने से बचाने के लिए एक 'फ्लोर' (न्यूनतम स्तर) तैयार कर दिया है।

ग्लोबल संकेत और क्रूड ऑयल

बाजार में आई इस तेजी के पीछे ग्लोबल सेंटिमेंट में सुधार मुख्य वजह है। US Federal Reserve द्वारा ब्याज दरों में आक्रामक बढ़ोतरी की चिंताएं कम हुई हैं, जिससे जोखिम लेने की क्षमता (Risk Appetite) बढ़ी है। इसके अलावा, ग्लोबल क्रूड ऑयल की कीमतों में आई गिरावट भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए एक बड़ा पॉजिटिव ट्रिगर है, क्योंकि भारत कच्चे तेल का एक बड़ा आयातक देश है। तेल सस्ता होने से इन्फ्लेशनरी प्रेशर कम होता है, जो इक्विटी मार्केट के लिए अच्छा संकेत है।

आगे की चुनौतियां

फिलहाल बाजार संवेदनशील स्थिति में है। टेक्निकल एक्सपर्ट्स का मानना है कि Nifty 50 के लिए 22,200 का स्तर एक अहम सपोर्ट जोन है। यदि इंडेक्स इससे ऊपर टिकता है तो स्थिरता बनी रहेगी, वरना फिर से बिकवाली का दबाव आ सकता है। अब निवेशकों की निगाहें रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की मॉनेटरी पॉलिसी मीटिंग और GST काउंसिल की बैठक पर टिकी हैं। इन फैसलों से बाजार की आगामी दिशा तय होगी। हालांकि, FIIs की लगातार बिकवाली और वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव बाजार के लिए जोखिम बने हुए हैं।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.