बाजार में आज जबरदस्त रिकवरी दिखी है। 15 अक्टूबर को Nifty 50 में **1.6%** का उछाल आया और यह **23,000** के अहम आंकड़े के करीब पहुंच गया है। हालांकि, बाजार की मजबूती अभी चुनिंदा स्टॉक्स तक ही सीमित है।
पिछले दो महीनों की गिरावट के बाद निवेशकों के लिए आज का दिन राहत लेकर आया है। 15 अक्टूबर को भारतीय शेयर बाजार में शानदार तेजी देखने को मिली। Nifty 50 जहां 1.6% की बढ़त के साथ 23,000 के लक्ष्य के करीब ट्रेड कर रहा है, वहीं BSE Sensex 1,100 अंक चढ़कर 73,926 के लेवल पर पहुंच गया है।
बाजार की हकीकत क्या है?
हेडलाइन नंबर तो काफी मजबूत दिख रहे हैं, लेकिन अगर हम बाजार की चौड़ाई (Market Breadth) को देखें, तो तस्वीर थोड़ी अलग है। आज की तेजी मुख्य रूप से इंडेक्स के बड़े शेयरों (Heavyweights) की बदौलत है। आंकड़ों पर नजर डालें तो बाजार में 2,200 से ज्यादा शेयरों में गिरावट रही, जबकि सिर्फ 1,545 शेयरों में ही तेजी देखी गई। इसका मतलब साफ है कि मिड और स्मॉल कैप स्टॉक्स में वैसी तेजी नहीं है जैसी बड़े इंडेक्स शेयरों में दिख रही है।
टेक्निकल लेवल्स और सपोर्ट
Bajaj Broking के जानकारों के मुताबिक, Nifty के लिए 22,776 का लेवल एक बड़ा हर्डल बना हुआ है। अगर इंडेक्स 22,800 के ऊपर टिकने में कामयाब रहता है, तो यह 23,000 से 23,100 के जोन तक जा सकता है। वहीं, नीचे की तरफ 22,450 से 22,500 का दायरा एक मजबूत सपोर्ट की तरह काम कर रहा है।
एक्सपायरी का असर
आज Sensex की वीकली एक्सपायरी भी बाजार की हलचल बढ़ा रही है। HDFC Securities और Kotak Neo के जानकारों का मानना है कि एक्सपायरी के चलते ट्रेडर्स अपनी पोजीशन को एडजस्ट कर रहे हैं, जिससे वोलैटिलिटी (Volatility) में इजाफा हो सकता है। अब निवेशकों की नजर इस बात पर होगी कि क्या बाजार 22,776 के रेजिस्टेंस के ऊपर खुद को स्थिर रख पाता है या फिर से 22,300 से 22,775 के कंसोलिडेशन रेंज में लौट आता है।
