अक्टूबर 2026 में Nifty 50 में **1.9%** की बढ़त दर्ज की गई, जिसके पीछे IT शेयरों की जोरदार रैली और Jio Platforms की लिस्टिंग रही। हालांकि, मिड-कैप और स्मॉल-कैप शेयरों में भारी दबाव दिखा, जिससे बाजार में एक गहरा अंतर देखने को मिला।
IT सेक्टर का दमदार प्रदर्शन
अक्टूबर में Nifty 50 ने 1.9% की बढ़त के साथ छह महीने के उच्चतम स्तर को छुआ है। इस तेजी के पीछे सबसे बड़ी ताकत IT सेक्टर रहा, जिसने 17.7% का जबरदस्त उछाल दर्ज किया। इसके अलावा, Jio Platforms की लिस्टिंग ने भी बाजार को काफी सपोर्ट दिया। इसकी मार्केट कैप ₹13 लाख करोड़ होने के कारण इसने इंडेक्स को मनोवैज्ञानिक और सांख्यिकीय रूप से एक बड़ा बूस्ट दिया है।
स्मॉल और मिड-कैप में गिरावट का दौर
इंडेक्स की चमक के बावजूद, बाजार की असलियत कुछ और है। Nifty Smallcap इंडेक्स में इस महीने 4% से अधिक की गिरावट आई है, जो मार्च के बाद से इसका सबसे खराब प्रदर्शन है। मिड-कैप शेयरों के लिए भी यह लगातार दूसरा महीना है जब उनमें बिकवाली का दौर जारी रहा। बाजार के आंकड़ों के अनुसार, कुल 2,200 से ज्यादा सक्रिय शेयरों में से केवल एक छोटा हिस्सा ही पॉजिटिव बंद हो पाया।
निवेशकों की बदली स्ट्रैटेजी
बाजार का यह रुख साफ संकेत दे रहा है कि निवेशक अब बेहद सतर्क हो गए हैं। अब पैसा स्पेक्युलेटिव (Speculative) शेयरों से हटकर उन बड़ी कंपनियों की ओर जा रहा है जो ठोस रेवेन्यू ग्रोथ दिखा रही हैं। साल के अंत तक बाजार में अब 'बॉटम-अप' स्टॉक सिलेक्शन पर जोर रहेगा, क्योंकि निवेशक अब अंधाधुंध खरीदारी के बजाय क्वालिटी पर दांव लगाना पसंद कर रहे हैं।
