Lighthouse Communities Foundation ने BSE Social Stock Exchange पर **₹58.86 लाख** जुटाने के लिए ZCZP इंस्ट्रूमेंट्स पेश किए हैं। यह पैसा पुणे में युवाओं को वोकेशनल ट्रेनिंग देने के काम आएगा।
क्या है यह नया फंडरेजिंग मॉडल?
पुणे स्थित गैर-लाभकारी संस्था Lighthouse Communities Foundation (LCF) ने ₹58.86 लाख जुटाने के लिए BSE Social Stock Exchange पर Zero Coupon Zero Principal (ZCZP) इंस्ट्रूमेंट्स का पब्लिक इश्यू लॉन्च किया है। यह इश्यू 30 सितंबर 2026 को खुला है और 14 अक्टूबर 2026 तक खुला रहेगा। इसका मुख्य मकसद पुणे के 1,000 युवाओं को स्किल्स और आजीविका के लिए सहायता प्रदान करना है।
पारंपरिक निवेश से कैसे अलग है ZCZP?
निवेशकों को यह समझना होगा कि ZCZP पारंपरिक शेयर या बॉन्ड नहीं हैं। इसमें न तो कोई डिविडेंड मिलता है, न ही मूलधन (Principal) वापस मिलता है। सरल शब्दों में, यह एक 'दान' का जरिया है, जिसे सोशल स्टॉक एक्सचेंज के जरिए पारदर्शी बनाया गया है। इसमें निवेश करने पर Section 80G के तहत टैक्स छूट का लाभ मिलता है, जो इसे कॉर्पोरेट्स और व्यक्तिगत दानदाताओं के लिए एक बेहतर विकल्प बनाता है।
फंड का उपयोग और रिस्क प्रोफाइल
यह पैसा अगस्त 2026 से जुलाई 2027 तक के 12-महीने के प्रोग्राम के लिए इस्तेमाल किया जाएगा, जिसमें करियर काउंसलिंग और वोकेशनल ट्रेनिंग दी जाएगी।
सावधान रहें:
- कैपिटल रिस्क: इसमें निवेश की गई पूरी रकम खर्च हो जाती है, इसकी वापसी की कोई गारंटी नहीं है।
- लिक्विडिटी: ये इंस्ट्रूमेंट्स शेयर बाजार की तरह ट्रेड नहीं होते हैं, यानी पैसा एक बार लगाने के बाद लॉक हो जाता है।
- परफॉरमेंस: एक्सचेंज पारदर्शिता सुनिश्चित करता है, लेकिन प्रोग्राम की सफलता की कोई गारंटी नहीं होती।
यह कदम भारत में परोपकार (Philanthropy) के क्षेत्र को औपचारिक रूप देने की एक बड़ी कोशिश है, जहाँ कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) के तहत अब कंपनियां अधिक भरोसेमंद प्रोजेक्ट्स में पैसा लगा सकती हैं।
