Elon Musk और SEC के बीच $1.5 मिलियन का सेटलमेंट मंजूर, Twitter शेयर खरीद पर बड़ी खबर

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AuthorAditya Rao|Published at:
Elon Musk और SEC के बीच $1.5 मिलियन का सेटलमेंट मंजूर, Twitter शेयर खरीद पर बड़ी खबर

अमेरिकी अदालत ने Elon Musk और SEC के बीच Twitter में 2022 की शेयर खरीद के देरी से हुए खुलासे को लेकर $1.5 मिलियन के सेटलमेंट को मंजूरी दे दी है। जज ने रेगुलेटर की नरमी पर चिंता जताई है, क्योंकि इस डील से मस्क पर कथित मुनाफा वापस करने का दबाव नहीं होगा। इससे SEC के उन दावों का निपटारा हो गया है जिनके मुताबिक देर से फाइलिंग करने से मस्क को $150 मिलियन की बचत हुई।

जज ने $1.5 मिलियन के सेटलमेंट पर लगाई मुहर

वॉशिंगटन डी.सी. की एक संघीय अदालत ने Elon Musk और अमेरिकी प्रतिभूति और विनिमय आयोग (SEC) के बीच 2022 में Twitter के शेयर खरीदने से जुड़े मामले में हुए सेटलमेंट को औपचारिक रूप से मंजूरी दे दी है। इस समझौते के तहत, मस्क से जुड़े एक ट्रस्ट को $1.5 मिलियन का जुर्माना भरना होगा। यह डील इस आरोप का निपटारा करती है कि अरबपति ने सोशल मीडिया कंपनी में अपनी बढ़ती हिस्सेदारी का समय पर खुलासा नहीं किया था।

जजों की चिंता और SEC का रवैया

हालांकि जज स्पार्कल सूकनानन ने समझौते को मंजूरी दी, लेकिन उन्होंने इस पर अपनी चिंताएं भी जाहिर कीं। उन्होंने कहा कि SEC का मस्क के प्रति रवैया पर्याप्त सख्त नहीं था। जज ने इस प्रक्रिया में कई सवाल उठाए, और कहा कि अदालत का काम सिर्फ नियामक और प्रतिवादी के बीच हुए समझौते पर मुहर लगाना नहीं, बल्कि निष्पक्षता सुनिश्चित करना भी है।

अदालत की मुख्य चिंताओं में से एक यह थी कि SEC ने कथित तौर पर कमाए गए मुनाफे को वापस दिलाने की मांग को छोड़ दिया। 'डिसगॉर्जमेंट' (Disgorgement) वह प्रक्रिया है जिसमें अवैध गतिविधियों से कमाए गए मुनाफे को नुकसान झेलने वाले निवेशकों को लौटाना पड़ता है। इसे न करने के कारण, SEC ने उस रास्ते से परहेज किया जिससे उन शेयरधारकों को सीधा वित्तीय मुआवजा मिल सकता था, जिन्होंने मस्क द्वारा अपनी हिस्सेदारी का खुलासा किए बिना शेयर खरीदे थे।

मामला और सेटलमेंट का संदर्भ

SEC की मूल शिकायत 2022 की शुरुआत की घटनाओं पर केंद्रित थी, जब मस्क ने Twitter के शेयर खरीदना शुरू किया था। अमेरिकी प्रतिभूति कानूनों के तहत, निवेशकों को यह खुलासा करना होता है जब वे किसी कंपनी में 5% से अधिक की हिस्सेदारी खरीदते हैं। रेगुलेटर का आरोप था कि मस्क ने इन खरीदों की रिपोर्ट करने में देरी की, जिससे उन्हें कम कीमतों पर अतिरिक्त शेयर खरीदने का मौका मिला और संभवतः $150 मिलियन की बचत हुई। मस्क का कहना है कि यह देरी जानबूझकर नहीं की गई थी।

अदालत ने इस बात पर भी सवाल उठाए कि सेटलमेंट एक ट्रस्ट के माध्यम से हुआ, न कि सीधे मस्क के व्यक्तिगत नाम पर। इससे मस्क सार्वजनिक रूप से यह कहने में सक्षम हुए कि उन पर लगे आरोप हटा दिए गए हैं। जज ने यह भी सवाल किया कि क्या SEC की नरमी अन्य बाजार सहभागियों के साथ एजेंसी के सामान्य व्यवहार के अनुरूप है, या यह एक अलग मामला है।

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