Indian Markets: 4 दिनों की गिरावट पर लगा ब्रेक, अमेरिकी फेड के संकेतों से बाजार में लौटी रौनक

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Indian Markets: 4 दिनों की गिरावट पर लगा ब्रेक, अमेरिकी फेड के संकेतों से बाजार में लौटी रौनक

US Federal Reserve के नरम रुख से भारतीय शेयर बाजार में शुक्रवार को रिकवरी दिखी है। BSE Sensex और NSE Nifty बढ़त के साथ बंद हुए हैं, लेकिन मिडिल ईस्ट के तनाव के चलते निवेशकों की चिंताएं अब भी बरकरार हैं। अगले हफ्ते बाजार में 11 IPO आने वाले हैं, जिस पर सबकी नजरें टिकी हैं।

भारतीय शेयर बाजारों ने आखिरकार राहत की सांस ली है। शुक्रवार को लगातार चार दिनों से जारी गिरावट का सिलसिला टूट गया। BSE Sensex 362.57 अंक यानी 0.48% की मजबूती के साथ 76,515.43 पर बंद हुआ, जबकि NSE Nifty 24.25 अंक की मामूली बढ़त लेकर 23,897.70 पर आकर थमा।

रिकवरी के पीछे की वजह

बाजार में इस राहत भरी तेजी के पीछे अमेरिकी फेडरल रिजर्व के गवर्नर क्रिस्टोफर वालर का बयान है। उनके संकेतों से बाजार को उम्मीद जगी है कि अगली पॉलिसी मीटिंग में ब्याज दरें स्थिर रह सकती हैं। अमेरिकी लेबर मार्केट के डेटा ने भी अर्थव्यवस्था के 'ओवरहीटिंग' के डर को कम किया है, जिससे सेंटीमेंट सुधरे हैं।

बाजार का मूड

सेक्टर के आधार पर देखें तो मेटल और फाइनेंशियल सर्विस शेयरों में खरीदारी दिखी। हालांकि, IT, हेल्थकेयर और रियल एस्टेट सेक्टर में अभी भी सुस्ती बनी हुई है। वहीं, भू-राजनीतिक तनाव की वजह से ब्रेंट क्रूड $95 प्रति बैरल के करीब बना हुआ है, जो भारतीय कंपनियों के प्रॉफिट मार्जिन के लिए चिंता की बात है। अगर पूरे हफ्ते की बात करें तो दोनों इंडेक्स में करीब 1% की गिरावट देखने को मिली है।

आगे क्या होगा?

आर्थिक मोर्चे पर राहत की बात यह है कि इंडिया की GDP ग्रोथ पहली तिमाही में 7.8% रही है, जिसने उम्मीदों को पीछे छोड़ दिया है। अब निवेशकों की नजर अगले हफ्ते आने वाले 11 IPOs पर है, जिनसे कुल ₹7,000 करोड़ से ज्यादा जुटाने की तैयारी है। बाजार इस नई सप्लाई को कैसे पचाता है, यह देखना दिलचस्प होगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.