Foreign Funds, Elysian Wealth और Resonance Opportunities ने Forbes & Company में अपनी **4.86%** हिस्सेदारी लगभग **₹270** प्रति शेयर के भाव पर बेच दी है। हालांकि, भारी बिकवाली के दबाव के बावजूद शेयर **2.32%** की तेजी के साथ बंद हुआ है, जो निवेशकों को हैरान कर रहा है।
बाजार में क्या हुआ?
5 नवंबर 2026 को शेयर बाजार में तब हलचल मच गई जब दो बड़े Foreign Portfolio Investors (FPI) ने अपनी होल्डिंग कम की। Elysian Wealth Fund और Resonance Opportunities Fund ने बल्क डील के जरिए कंपनी के कुल 4.86% शेयर बेच दिए। दोनों फंड्स ने 3.14 लाख शेयर यानी 2.43% हिस्सेदारी प्रति फंड ₹270 के भाव पर बेची।
क्यों चौंका रहा है यह स्टॉक?
संस्थानों की इतनी भारी बिकवाली के बाद भी शेयर में दबाव नहीं दिखा। BSE पर यह स्टॉक ₹297.10 पर बंद हुआ, यानी दिन भर में 2.32% की बढ़त। यह दिखाता है कि मार्केट में खरीदार सक्रिय थे और उन्होंने बिकवाली को आसानी से सोख लिया, लेकिन निवेशकों को इस 'शॉर्ट टर्म' तेजी के पीछे के असल रिस्क को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
असली खतरे क्या हैं?
निवेशकों को इन 3 बड़े जोखिमों पर नजर रखनी चाहिए:
- प्रमोटर प्लेजिंग: कंपनी के प्रमोटर्स ने अपने 98.25% शेयर गिरवी रखे हुए हैं, जो किसी भी उतार-चढ़ाव के समय खतरे की घंटी है।
- कमजोर फाइनेंशियल: कंपनी की सेल और ऑपरेटिंग प्रॉफिट में लगातार गिरावट देखी जा रही है।
- महंगा वैल्यूएशन: कंपनी का Return on Equity महज 5.1% है, जबकि इसका Price-to-Book रेश्यो काफी प्रीमियम पर है।
वहीं, इंफ्रा सेक्टर की बात करें तो Anantam Highways Trust में भी रीशफलिंग दिखी। Edelweiss Broking ने 22.5 लाख यूनिट्स ₹100 प्रति यूनिट के भाव पर खरीदीं, जबकि WhiteOak Capital ने इसी ट्रस्ट में अपनी हिस्सेदारी कम की है।
