Coforge में गवर्नेंस को लेकर गंभीर चिंताएं सामने आई हैं। एक इंटरनल ऑडिट में पता चला है कि पूर्व चेयरमैन O.P. Bhatt ने बोर्ड मूल्यांकन रिपोर्ट्स को दबाया था, जिसके बाद उन्होंने इस्तीफा दे दिया है। इस खबर के बाद निवेशकों में हड़कंप मच गया और कंपनी का शेयर **8.7%** गिर गया।
क्या है मामला?
KPMG द्वारा किए गए इस ऑडिट में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, बोर्ड मूल्यांकन की उन फाइलों को छिपाया गया जिनमें चेयरमैन के लिए नकारात्मक रेटिंग थी। ये दस्तावेज सिर्फ O.P. Bhatt और नॉमिनेशन एंड रेम्यूनरेशन कमिटी के चेयरमैन D.K. Singh तक ही सीमित रखे गए थे, जिससे बोर्ड की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो गए हैं।
कंपनी का एक्शन और मैनेजमेंट का बयान
इस घटना के बाद O.P. Bhatt ने 8 सितंबर, 2026 को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। कंपनी ने तत्काल प्रभाव से विवेक शर्मा को अंतरिम चेयरपर्सन नियुक्त किया है, जो 31 जनवरी, 2027 तक इस जिम्मेदारी को संभालेंगे।
निवेशकों के लिए क्या है अपडेट?
शेयर में आई 8.7% की बड़ी गिरावट के बीच कंपनी ने निवेशकों को भरोसा दिलाने की कोशिश की है। मैनेजमेंट का कहना है कि यह समस्या केवल बोर्ड के मूल्यांकन की प्रक्रिया तक सीमित है। कंपनी के फाइनेंशियल स्टेटमेंट्स, अकाउंटिंग पॉलिसी और रेवेन्यू ग्रोथ गाइडेंस पर इसका कोई असर नहीं पड़ा है। हालांकि, बाजार अभी भी इस गवर्नेंस अनिश्चितता को लेकर सतर्क है और निवेशक कंपनी द्वारा पारदर्शिता बहाल करने के अगले कदमों पर नजर बनाए हुए हैं।
