BSE ने सितंबर तिमाही के लिए शानदार नतीजे पेश किए हैं। एक्सचेंज का नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर **44.9%** बढ़कर **₹809 करोड़** हो गया है। साथ ही, कंपनी ने मुंबई के Bandra Kurla Complex में विस्तार के लिए जमीन अधिग्रहण की योजना भी बनाई है।
फाइनेंशियल परफॉर्मेंस का लेखा-जोखा
BSE Limited ने फाइनेंशियल ईयर 2026-27 की दूसरी तिमाही में मजबूत प्रदर्शन किया है। कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 44.9% बढ़कर ₹809.15 करोड़ पर पहुंच गया है, जो पिछले साल इसी अवधि में ₹558.43 करोड़ था। वहीं, कंपनी का रेवेन्यू 34.1% के उछाल के साथ ₹1,432.66 करोड़ दर्ज किया गया है।
तिमाही-दर-तिमाही (Sequential) चुनौती
जहां सालाना आंकड़े मजबूत दिख रहे हैं, वहीं तिमाही-दर-तिमाही आधार पर थोड़ी सुस्ती है। जून तिमाही के मुकाबले नेट प्रॉफिट में 7.4% की गिरावट आई है (जून में यह ₹874.02 करोड़ था)। ऑपरेशनल रेवेन्यू भी जून के ₹1,566.02 करोड़ से 8.5% घटकर ₹1,432.66 करोड़ रह गया है। निवेशक अब इन नतीजों पर बारीकी से नजर रख रहे हैं कि क्या यह गिरावट सिर्फ एक तिमाही का असर है या आगे का ट्रेंड।
BKC में विस्तार की तैयारी
नतीजों के साथ ही बोर्ड ने एक बड़ा रणनीतिक फैसला लिया है। कंपनी ने Mumbai Metropolitan Region Development Authority (MMRDA) से Bandra Kurla Complex (BKC) में जमीन खरीदने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इस जगह का इस्तेमाल नए ऑफिस स्पेस और इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट के लिए किया जाएगा। हालांकि, जमीन की कीमत और साइज जैसे बड़े विवरण अभी गोपनीय रखे गए हैं और कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्थिति साफ होगी।
नतीजों के बाद, 4 नवंबर 2026 को BSE के शेयर में 1.77% की गिरावट देखने को मिली, क्योंकि मार्केट ने इन आंकड़ों को मिला-जुला रिस्पॉन्स दिया है।
