Shriram AMC के फंड मैनेजर प्रतीक निगुडकर ने Q2FY27 में **17-20%** प्रॉफिट ग्रोथ का अनुमान लगाया है। जहां वे निवेशकों के लिए इसे एक मौका मान रहे हैं, वहीं कंपनी का अपना शेयर **52-सप्ताह** के निचले स्तर के करीब कारोबार कर रहा है।
बाजार पर क्या है राय?
Shriram AMC के सीनियर फंड मैनेजर प्रतीक निगुडकर ने फाइनेंशियल ईयर 2027 की दूसरी तिमाही के लिए कॉर्पोरेट मुनाफे में 17% से 20% की ग्रोथ का अनुमान जताया है। निगुडकर का मानना है कि भारतीय बाजार अब निचले स्तर के करीब हैं और मिड-टर्म निवेशकों के लिए यह एक अच्छा एंट्री पॉइंट साबित हो सकता है।
सेक्टर और रणनीति
प्रतीक निगुडकर के अनुसार, ऑयल मार्केटिंग कंपनियों को छोड़कर अन्य सेक्टरों में डबल डिजिट ग्रोथ देखने को मिल सकती है। वे प्राइवेट बैंक, लाइफ इंश्योरेंस और ऑटोमोबाइल सेक्टर पर दांव लगा रहे हैं, क्योंकि वहां वैल्यूएशन और अर्निंग पोटेंशियल का तालमेल बेहतर दिख रहा है। इसके अलावा, लॉजिस्टिक्स और पावर सेक्टर भी उनके रडार पर हैं। हालांकि, वेस्ट एशिया में चल रहे तनाव को वे केवल एक बाहरी शोर (Noise) मानते हैं और निवेशकों को शॉर्ट-टर्म खबरों के बजाय फंडामेंटल्स पर ध्यान देने की सलाह दी है।
कंपनी के अपने शेयरों का हाल
मार्केट को लेकर भले ही एक्सपर्ट का नजरिया सकारात्मक है, लेकिन खुद Shriram Asset Management के शेयर काफी दबाव में हैं। अक्टूबर 2026 की शुरुआत में शेयर ₹241.50 के अपने 52-सप्ताह के निचले स्तर के पास ट्रेड कर रहा है। पिछले एक साल में स्टॉक 37% से 39% तक गिर चुका है, जबकि इसका 52-सप्ताह का हाई ₹519 रहा है। कंपनी के नेगेटिव ROE और ROCE जैसे आंकड़े भी निवेशकों के लिए चिंता का विषय बने हुए हैं।
आगे की राह
बाजार की रिकवरी पूरी तरह से ग्लोबल रिस्क और कच्चे तेल की कीमतों पर निर्भर है। अगर तेल की कीमतें लंबे समय तक ऊंची रहीं, तो अर्निंग डाउनग्रेड का खतरा बना रह सकता है। अब निवेशकों की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि क्या वास्तव में दूसरी तिमाही में 17-20% की ग्रोथ हासिल होती है, और Shriram AMC अपने फाइनेंशियल रेशियो में सुधार कैसे लाती है।
