कंपनी के दिसंबर 2025 को समाप्त तिमाही के लिए अनऑडिटेड फाइनेंशियल रिजल्ट्स सामने आए हैं, जो 18 मई 2025 को हुई एक बड़ी आग की घटना के गंभीर परिणामों से जूझ रही कंपनी की तस्वीर पेश करते हैं।
ऑडिटर की गंभीर चिंताएं
स्टैच्यूटरी ऑडिटर की लिमिटेड रिव्यू रिपोर्ट ने कई चेतावनियां जारी की हैं। ₹7.99 लाख के बैंक बैलेंस और ₹31.46 लाख की फिक्स्ड डिपॉजिट के लिए कन्फर्मेशन (confirmation) नहीं मिल पाया, क्योंकि ये खाते डोर्मेंट (dormant) पाए गए हैं। इसके अलावा, आग लगने जैसी अप्रत्याशित घटना (force majeure) के कारण एक महत्वपूर्ण ग्राहक के इनवॉयस से होने वाली रेवेन्यू रिकग्निशन (revenue recognition) को भी सस्पेंड कर दिया गया है।
ऑपरेशनल ठहराव और 'गोइंग कंसर्न' पर मंडराता खतरा
आग लगने की घटना के बाद पेंडिंग स्टैच्यूटरी क्लीयरेंस (statutory clearances) और अन्य ऑपरेशनल बाधाओं के चलते कंपनी फिलहाल अपनी विनिर्माण (manufacturing) गतिविधियों को फिर से शुरू करने की स्थिति में नहीं है। इन गंभीर वित्तीय और ऑपरेशनल अनिश्चितताओं के कारण, कंपनी के गोइंग कंसर्न (यानी, एक चालू इकाई के तौर पर भविष्य में अपनी देनदारियों को पूरा करने की क्षमता) पर भारी संदेह उत्पन्न हो गया है।
बोर्ड की मंजूरी
बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने 13 फरवरी 2026 को हुई बैठक में इन अनऑडिटेड फाइनेंशियल रिजल्ट्स और लिमिटेड रिव्यू रिपोर्ट को मंजूरी दे दी है। बाजार की नजरें अब इस संकट से निपटने के लिए मैनेजमेंट द्वारा उठाए जाने वाले कदमों पर टिकी रहेंगी।