Servotech Renewable Power Systems को उत्तर प्रदेश स्टेट रूरल लाइवलीहुड मिशन से **900 kW** का बड़ा सोलर प्रोजेक्ट मिला है। कंपनी **12** जगहों पर बैटरी स्टोरेज वाली सोलर सिस्टम लगाएगी, जिससे ग्रामीण इलाकों में बिजली की पहुँच बढ़ेगी।
Servotech Renewable Power Systems Ltd. को उत्तर प्रदेश स्टेट रूरल लाइवलीहुड मिशन की ओर से हाइब्रिड सोलर रूफटॉप सिस्टम लगाने का कॉन्ट्रैक्ट मिला है। इस प्रोजेक्ट के तहत कंपनी कुल 900 kW की क्षमता स्थापित करेगी, जो 12 अलग-अलग जगहों पर फैले होंगे। हर साइट 75 kW की बिजली पैदा करेगी।
इस प्रोजेक्ट में सोलर पैनल के साथ-साथ बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (Battery Energy Storage Systems) भी लगाए जाएंगे। यह सिस्टम दिन में बनी अतिरिक्त बिजली को स्टोर करेगा, ताकि रात में या धूप न होने पर भी बिजली की सप्लाई बनी रहे। यह ग्रामीण इलाकों के लिए बहुत ज़रूरी है जहाँ बिजली की दिक्कतें आम हैं। कंपनी इस प्रोजेक्ट में डिजाइन, सप्लाई, इंस्टॉलेशन, कमीशनिंग से लेकर लॉन्ग-टर्म मेंटेनेंस तक सब संभालेगी।
यह ऑर्डर कंपनी के डीसेंट्रलाइज़्ड रिन्यूएबल एनर्जी (decentralized renewable energy) पर फोकस को दिखाता है, जहाँ बिजली लोकल लेवल पर ही बनती और इस्तेमाल होती है। ग्रामीण समुदायों को टारगेट करके, यह प्रोजेक्ट उन इलाकों में बिजली की रिलायबिलिटी (reliability) को बेहतर बनाने का लक्ष्य रखता है जहाँ ग्रिड सप्लाई कमजोर हो सकती है।
शेयर बाजार की बात करें तो, Servotech Renewable Power Systems के शेयर 16 जुलाई 2026 को नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर 1.29% बढ़कर ₹97 पर बंद हुए थे।
निवेशकों के लिए, कंपनी की क्षमता पर नज़र रखनी होगी कि वह इस प्रोजेक्ट को तय समय और बजट में पूरा कर पाती है या नहीं, क्योंकि मेंटेनेंस की ज़िम्मेदारी भी कंपनी के पास रहेगी। यह प्रोजेक्ट कंपनी के ऑर्डर बुक को ज़रूर बढ़ाएगा, लेकिन असली फायदा इस बात पर निर्भर करेगा कि कंपनी 12 अलग-अलग जगहों पर इंस्टॉलेशन को कितनी कुशलता से मैनेज करती है और सरकारी टेंडरों में चल रही प्रतिस्पर्धा के बीच अपने प्रॉफिट मार्जिन (profit margin) को बनाए रख पाती है या नहीं। आगे चलकर प्रोजेक्ट के पूरा होने की तारीख और मेंटेनेंस से होने वाली कमाई पर नज़र रखनी होगी।
