UAE के साथ नई पार्टनरशिप का ऐलान
Adani Green Energy Ltd. (AGEL) ने UAE की IHC Group के एनर्जी आर्म Minerva Holding के साथ एक स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप की घोषणा की है। इस ज्वाइंट वेंचर (Joint Venture) का नाम Minerva Renewables Holding RSC Ltd. रखा गया है। इसका मुख्य मकसद भारत में रिन्यूएबल एनर्जी प्रोजेक्ट्स के डेवलपमेंट को तेज करना और AGEL की ऑपरेशनल कैपेसिटी को ग्लोबल इन्वेस्टमेंट के जरिए बढ़ाना है। यह डील Adani Group की ओवरऑल फाइनेंसियल स्ट्रैटेजी और ग्रोथ प्लान के लिए भी अहम मानी जा रही है।
शेयर में उछाल और प्रोजेक्ट पाइपलाइन
पिछले एक महीने में Adani Green Energy के शेयर में 21% से ज़्यादा की तेजी देखी गई है, जो मजबूत मार्केट सेंटिमेंट का संकेत दे रही है। Minerva Holding के साथ यह ज्वाइंट वेंचर AGEL को भारत में अपने प्रोजेक्ट पाइपलाइन को मजबूत करने में मदद करेगा। कंपनी का लक्ष्य 2030 तक 50 GW रिन्यूएबल कैपेसिटी हासिल करना है।
वैल्यूएशन पर चिंता
बाजार के सकारात्मक संकेतों के बावजूद, Adani Green Energy का शेयर अपने पीयर ग्रुप (Peers) के मुकाबले काफी ऊंचे वैल्यूएशन पर ट्रेड कर रहा है। कंपनी का प्राइस-टू-अर्निंग्स (P/E) रेश्यो 90-100 के बीच है, जबकि इंडस्ट्री एवरेज लगभग 23.3 है। यह हाई वैल्यूएशन भविष्य की ग्रोथ को लेकर निवेशकों की ऊंची उम्मीदों को दर्शाता है। AGEL भारत के रिन्यूएबल एनर्जी मार्केट में Tata Power Renewables, ReNew Energy Global Plc और NTPC Ltd. जैसी कंपनियों के साथ प्रतिस्पर्धा करती है। कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट मार्जिन 85.6% है।
ग्रुप पर स्क्रूटनी का साया
Adani Green Energy के हाई वैल्यूएशन और ग्रोथ प्लान्स के साथ कुछ रिस्क भी जुड़े हैं। Adani Group पर भारी कर्ज को लेकर लगातार स्क्रूटनी बनी हुई है, हालांकि ग्रुप का लक्ष्य 2030 तक अपने कंसॉलिडेटेड कर्ज को घटाकर ₹1 लाख करोड़ करना है। AGEL ने पहले भी मार्केट की अनिश्चितताओं के चलते डेट रीफाइनेंसिंग प्लान्स को वापस लिया है। इसके अलावा, नवंबर 2024 में अमेरिका की SEC (U.S. Securities and Exchange Commission) द्वारा फाइल किए गए एक धोखाधड़ी के केस (जिसमें सीधे AGEL का नाम नहीं है) के चलते ग्रुप के ऑपरेशंस पर रेगुलेटरी अनिश्चितता बनी हुई है। AGEL ने SEC शिकायत को खारिज करने के आधार प्रस्तुत किए हैं। इस नए ज्वाइंट वेंचर में Minerva Holding के पास मेजॉरिटी स्टेक (Majority Stake) होगा और वो AGEL से ज्यादा डायरेक्टर नियुक्त करेगी, जिससे यह सवाल उठ रहा है कि स्ट्रैटेजिक फैसलों में किसका कंट्रोल ज्यादा होगा।
एनालिस्ट्स की राय और ग्रोथ की उम्मीदें
वॉल स्ट्रीट एनालिस्ट्स (Wall Street Analysts) Adani Green Energy के शेयर में संभावित उछाल का अनुमान लगा रहे हैं। उनका औसतन 1-साल का प्राइस टारगेट करीब ₹1,211.93 है। कंपनी अपने ऑपरेशनल कैपेसिटी को बढ़ाना जारी रखेगी और 2030 तक 50 GW का लक्ष्य पूरा करने पर फोकस करेगी। IHC Group के एनर्जी आर्म के साथ पार्टनरशिप से प्रोजेक्ट डेवलपमेंट को और मजबूती मिलने की उम्मीद है, जो भारत के रिन्यूएबल एनर्जी लक्ष्यों को पूरा करने में सहायक होगा। मैनेजमेंट का फोकस ऑपरेशंस को स्केल करने के साथ-साथ ग्रुप के कर्ज को कम करने और अपनी फाइनेंशियल व रेगुलेटरी पोजीशन को मजबूत करने पर रहेगा।