ACME Solar Holdings के शेयरों में आज जबरदस्त तेजी देखी गई और यह अपने रिकॉर्ड हाई पर पहुंच गया। कंपनी ने अपनी बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) क्षमता को **4 GWh** के पार पहुंचा दिया है।
बीकानेर प्रोजेक्ट का विस्तार
राजस्थान के बीकानेर प्रोजेक्ट में बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) के दूसरे फेज के शुरू होते ही कंपनी ने एक बड़ा मुकाम हासिल कर लिया है। इस विस्तार से ग्रिड-कनेक्टेड सिस्टम में 52.32 MW और 209.28 MWh की अतिरिक्त क्षमता जुड़ गई है। अब इस प्रोजेक्ट की कुल ऑपरेशनल बैटरी स्टोरेज क्षमता 105.95 MW और 423.80 MWh हो गई है।
इंटीग्रेटेड एनर्जी की ओर बढ़ते कदम
कंपनी अपनी सोलर पावर के साथ बैटरी को जोड़कर एक नई रणनीति पर काम कर रही है। इससे कंपनी सूर्यास्त के बाद भी मांग के समय बिजली की सप्लाई कर पाने में सक्षम होगी। कंपनी का लक्ष्य फाइनेंशियल ईयर 2027 की तीसरी तिमाही तक शेष 300 MW और 1,200 MWh की BESS क्षमता को पूरा करना है।
पार्टनर्स और फंडिंग
बीकानेर प्रोजेक्ट के लिए SJVN Limited के साथ पावर परचेज एग्रीमेंट हुआ है, जो रेवेन्यू की सुरक्षा प्रदान करता है। इसके अलावा, रूरल इलेक्ट्रिफिकेशन कॉरपोरेशन से प्रोजेक्ट फाइनेंसिंग की व्यवस्था की गई है। कंपनी केलण (Kelan) में 300 MW सोलर और 100 MW विंड पावर का हाइब्रिड प्रोजेक्ट भी विकसित कर रही है, जिसके लिए NTPC Limited और पावर फाइनेंस कॉरपोरेशन का सहयोग मिला है।
मार्केट का नजरिया
इन नई उपलब्धियों के साथ कंपनी की कुल ऑपरेशनल रिन्यूएबल क्षमता लगभग 3,057 MW हो गई है। HSBC Global Investment Research ने स्टॉक पर अपनी 'Buy' रेटिंग बरकरार रखी है और टारगेट प्राइस को बढ़ाकर ₹450 कर दिया है। निवेशकों को अब कंपनी के प्रोजेक्ट एग्जीक्यूशन और कैपिटल स्पेंडिंग पर बारीक नजर रखनी होगी।
