IT सेक्टर में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के बढ़ते असर की चिंताओं ने भारतीय रियल एस्टेट (Realty) शेयरों पर भारी दबाव बना दिया है। इस वजह से मंगलवार को Nifty Realty इंडेक्स 1.42% की बड़ी गिरावट के साथ बंद हुआ।
इस गिरावट में लगभग सभी रियलिटी स्टॉक लाल निशान में रहे। Signature Global 2.9%, Prestige Estate 2.7% और Godrej Properties 1.9% जैसे प्रमुख शेयर सबसे ज्यादा टूटे। पिछले एक हफ्ते में Nifty Realty इंडेक्स 3.6% और साल-दर-तारीख (YTD) में 8.4% लुढ़क चुका है।
बाजार के जानकारों का मानना है कि IT कंपनियों में AI के कारण सिस्टम मॉडर्नाइजेशन की जो रफ्तार बढ़ रही है, उससे इन कंपनियों पर दबाव आ सकता है। इसका सीधा असर रियल एस्टेट सेक्टर पर दिखने की आशंका है, क्योंकि IT सेक्टर का कमर्शियल ऑफिस स्पेस (Commercial Office Space) और शहरी हाउसिंग मार्केट (Urban Housing Market) से गहरा जुड़ाव है।
हालांकि, यह भी एक दिलचस्प पहलू है कि जहां AI IT सेक्टर के लिए चिंता का सबब बन रहा है, वहीं रियल एस्टेट सेक्टर खुद AI और टेक्नोलॉजी को अपनाकर अपने ऑपरेशंस, डिजाइनिंग और मैनेजमेंट को बेहतर बना रहा है। डेवलपर्स AI-पावर्ड प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल डिजाइन ऑप्टिमाइजेशन, साइट प्लानिंग और लागत घटाने के लिए कर रहे हैं, जिससे कंस्ट्रक्शन टाइम कम हो रहा है।
इस चिंताजनक माहौल के बीच, सेक्टर के वैल्यूएशन (Valuation) पर भी सवाल उठ रहे हैं। Kotak Institutional Equities ने हाल ही में कहा था कि रियल एस्टेट सेक्टर का 'सबसे अच्छा दौर' शायद बीत चुका है और मौजूदा शेयर की कीमतें 'जवळपास कोई नियर-टर्म ग्रोथ' नहीं दिखा रही हैं। इस स्थिति में, कुछ बड़े डेवलपर्स के वैल्यूएशन काफी ऊंचे दिख रहे हैं। उदाहरण के लिए, Prestige Group का प्राइस-टू-अर्निंग (P/E) रेश्यो करीब 66.1x है, जबकि भारतीय रियल एस्टेट इंडस्ट्री का औसत 26.9x है। Signature Global का P/E रेश्यो तो और भी चौंकाने वाला है, जो 245.7x से 4355x से भी ऊपर दर्ज किया गया है। Godrej Properties और DLF के P/E रेश्यो भी 30.3x-135.05x और 33.5x-56.99x के बीच हैं, जो सेक्टर के धीमे ग्रोथ आउटलुक को देखते हुए जांच के दायरे में हैं।
इसके बावजूद, कुछ एनालिस्ट्स ने इन शेयरों पर भरोसा जताया है। Jefferies ने Godrej Properties को 'Buy' रेटिंग दी है और टारगेट प्राइस ₹2,700 रखा है। वहीं, Axis Securities ने Signature Global पर 'Buy' कॉल देते हुए ₹1,645 का टारगेट दिया है। यह बताता है कि कुछ चुनिंदा शेयरों में, खासकर रेजिडेंशियल सेगमेंट में, निवेशकों के लिए मौके हो सकते हैं। इसके अलावा, रियल एस्टेट कंपनियों द्वारा AI और टेक्नोलॉजी का प्रभावी इस्तेमाल उन्हें भविष्य में लागत कम करने और ग्राहक जुड़ाव बढ़ाने में मदद कर सकता है।