Indian Luxury Real Estate: घर खरीदें या विदेश में निवेश? निवेशकों के लिए बड़ी दुविधा

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Indian Luxury Real Estate: घर खरीदें या विदेश में निवेश? निवेशकों के लिए बड़ी दुविधा

भारतीय अमीर निवेशक अब घरेलू लग्जरी हाउसिंग और विदेशी प्रॉपर्टी मार्केट के बीच सही चुनाव करने की कोशिश कर रहे हैं। साल **2022** से भारत में लग्जरी घरों की कीमतों में **40%** का उछाल आया है, जबकि दुबई जैसे विदेशी बाजार बेहतर रेंटल इनकम का वादा कर रहे हैं। हालांकि, RBI की **$2,50,000** की लिमिट और करेंसी रिस्क जैसे कई पेच इसमें शामिल हैं।

घरेलू मार्केट का हाल और कर्ज का गणित

साल 2022 से भारत के लग्जरी हाउसिंग सेक्टर ने जबरदस्त रफ्तार पकड़ी है और कीमतों में 40% की तेजी दर्ज की गई है। अनुमान है कि साल 2031 तक यह मार्केट $107.99 बिलियन तक पहुंच सकता है, जिसकी सालाना ग्रोथ रेट करीब 11% रहने की उम्मीद है। हालांकि, यहां निवेश का दूसरा पहलू भी है; भारत में होम लोन की ब्याज दरें 8% से ऊपर हैं, जबकि रेंटल यील्ड सिर्फ 3% से 5% के बीच ही सीमित है।

ग्लोबल मार्केट: रेंटल इनकम पर फोकस

दुबई जैसे इंटरनेशनल मार्केट पूरी तरह से कैश फ्लो पर केंद्रित हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, वहां प्राइम रेजिडेंशियल वैल्यू में 2020 से 2026 के बीच 194% की बढ़ोतरी देखी गई है। दुबई में मॉर्गेज रेट्स 3% से 4% के आसपास हैं और रेंटल यील्ड 6% के करीब है, जो उन निवेशकों को आकर्षित करता है जो संपत्ति की कीमत बढ़ने के बजाय नियमित कमाई को प्राथमिकता देते हैं।

RBI के नियम और छिपे हुए खर्च

विदेश में निवेश करना आसान नहीं है। RBI की 'लिबरलाइज्ड रेमिटेंस स्कीम' के तहत, एक व्यक्ति एक फाइनेंशियल ईयर में केवल $2,50,000 ही विदेश भेज सकता है, जो बड़े निवेश के रास्ते में एक बड़ी रुकावट है। इसके अलावा, सिंगापुर जैसे देशों में विदेशी खरीदारों पर भारी स्टैम्प ड्यूटी का बोझ भी होता है।

निवेशकों को केवल प्रॉपर्टी के दाम नहीं देखने चाहिए, बल्कि मेंटेनेंस फीस, टैक्स, लीगल कॉस्ट और सबसे जरूरी—करेंसी रिस्क को भी ध्यान में रखना चाहिए। अगर रुपया डॉलर या अन्य विदेशी मुद्राओं के मुकाबले कमजोर होता है, तो आपकी कुल कमाई का बड़ा हिस्सा उस करेंसी फ्लक्चुएशन में ही स्वाहा हो सकता है। किसी भी विदेशी सौदे को फाइनल करने से पहले 5 साल का प्रॉजेक्शन जरूर निकालें, जिसमें टैक्स और मार्केट साइकिल का असर साफ दिखे।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.