Residential Real Estate: अंडर-कंस्ट्रक्शन घरों से क्यों किनारा कर रहे खरीदार? रेडी-टू-मूव प्रॉपर्टीज की डिमांड में उछाल

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AuthorAditya Rao|Published at:
Residential Real Estate: अंडर-कंस्ट्रक्शन घरों से क्यों किनारा कर रहे खरीदार? रेडी-टू-मूव प्रॉपर्टीज की डिमांड में उछाल

भारतीय रियल एस्टेट मार्केट में खरीदारों का रुख बदल रहा है। जहां **50%** लोग अगले दो सालों में घर खरीदने की योजना बना रहे हैं, वहीं **60%** से ज्यादा खरीदार अब डिलीवरी रिस्क से बचने के लिए सिर्फ 'रेडी-टू-मूव' या कब्जे के करीब पहुंच चुके प्रोजेक्ट्स को प्राथमिकता दे रहे हैं।

बाजार में सतर्कता क्यों?

सालों तक भारतीय बाजार 'प्री-लॉन्च' मॉडल पर टिका था, जहां खरीदार कम कीमतों के बदले लंबे समय तक इंतजार करने को तैयार रहते थे। लेकिन अब स्थिति बदल चुकी है। प्रोजेक्ट्स में देरी और बढ़ते खर्चों के डर ने खरीदारों को सतर्क कर दिया है। जो डेवलपर्स समय पर पजेशन देने का वादा नहीं कर पा रहे हैं, उन्हें प्राइम लोकेशन्स पर भी अपना स्टॉक बेचने में मशक्कत करनी पड़ रही है।

कैश फ्लो और एग्जीक्यूशन का सीधा कनेक्शन

डेवलपर्स के लिए अब ऑपरेशनल एग्जीक्यूशन और कैश फ्लो के बीच सीधा संबंध बन गया है। जो कंपनियां समय पर प्रोजेक्ट्स डिलीवर कर रही हैं, उनकी सेल्स वेलोसिटी बेहतर है। वहीं, जिन डेवलपर्स का काम लंबे समय से अटका है, उन्हें लिक्विडिटी के दबाव का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि अब खरीदार फिजिकल प्रोग्रेस देखे बिना पैसा लगाने को तैयार नहीं हैं।

अफोर्डेबिलिटी का गणित

हालांकि डिमांड मजबूत बनी हुई है, लेकिन 31% संभावित खरीदार बजट को सबसे बड़ी बाधा मान रहे हैं। वर्तमान मार्केट में ₹50 लाख से ₹1.5 करोड़ के बीच के घरों की सबसे ज्यादा मांग है। खरीदार अब केवल कीमत नहीं देख रहे, बल्कि कनेक्टिविटी और एमिनिटीज जैसी बुनियादी चीजों पर भी बारीकी से ध्यान दे रहे हैं।

निवेशकों के लिए काम की बात

आने वाले समय में उन डेवलपर्स और कमजोर कंपनियों के बीच दूरी और बढ़ेगी, जो कर्ज के बोझ या पुरानी लेगेसी के कारण प्रोजेक्ट्स पूरे नहीं कर पा रहे। निवेशकों को अब इन्वेंट्री टर्नओवर रेशियो और प्रोजेक्ट डिलीवरी टाइमलाइन पर कड़ी नजर रखनी चाहिए। बाजार का 51% हिस्सा पर्सनल रेजिडेंस के लिए है, इसलिए जो कंपनियां मिड-मार्केट सेगमेंट में 2-3 BHK यूनिट्स जैसे बेहतर प्रोडक्ट मिक्स पर काम कर रही हैं, वे इस रेस में आगे रह सकती हैं।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.