Gurugram के SPR और Sohna इलाकों में पिछले **5** वर्षों में प्रॉपर्टी के दाम **165%** तक बढ़ गए हैं। हालांकि, इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में देरी के कारण अब निवेशकों को सतर्क रहने की जरूरत है।
तेजी की रफ्तार और चुनौतियां
Southern Peripheral Road (SPR) और Sohna कॉरिडोर तेजी से Gurugram के प्रमुख रियल एस्टेट हब बनकर उभरे हैं। पिछले 5 सालों में यहां प्रॉपर्टी की वैल्यू में 125% से 165% तक की जबरदस्त बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इस तेजी के पीछे दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे और कमर्शियल डेवलपमेंट की उम्मीदें मुख्य वजह रही हैं।
इंफ्रास्ट्रक्चर पर पेंच
निवेशक अब सावधानी बरत रहे हैं क्योंकि केवल घोषणाओं पर भरोसा करना महंगा पड़ सकता है। 21.65 किमी लंबा Sohna एलिवेटेड कॉरिडोर जुलाई 2022 से चल रहा है, लेकिन अन्य प्रोजेक्ट्स राह देख रहे हैं। उदाहरण के तौर पर, NH-48 को वाटिका चौक से जोड़ने वाला 4.2 किमी का एलिवेटेड कॉरिडोर का टेंडर जून 2026 में रद्द कर दिया गया, जो सरकारी प्रोजेक्ट्स की टाइमलाइन को लेकर सवाल खड़े करता है।
प्रमुख डेवलपर्स और मार्केट डायनामिक्स
Signature Global, DLF, और Godrej Properties जैसे बड़े डेवलपर्स यहां मिक्स्ड-यूज़ डेवलपमेंट पर जोर दे रहे हैं। वहीं, अप्रैल 2026 में सेक्टर 68 से 72 के लिए सर्कल रेट में 45% तक की बढ़ोतरी हुई है, जिससे रजिस्ट्रेशन और स्टैम्प ड्यूटी का खर्च भी बढ़ गया है।
आगे का रास्ता
भविष्य इस बात पर निर्भर करेगा कि GMDA और NHAI कितनी तेजी से काम पूरा करते हैं। सेक्टर 56 से पचगांव तक की मेट्रो लाइन का DPR तो क्लियर हो गया है, लेकिन धरातल पर काम अभी शुरू होना बाकी है। निवेशकों के लिए सलाह है कि वे केवल डेवलपर्स के विज्ञापनों पर न जाएं, बल्कि सरकारी काम की रफ्तार पर पैनी नजर रखें।
