भारत में कंपनी का बढ़ा दबदबा
Boston Scientific ने भारत में अपनी मौजूदगी को और मजबूत करने का फैसला किया है। कंपनी पुणे में 130,682 वर्ग फुट से ज़्यादा की ऑफिस स्पेस लीज पर ले रही है। यह स्पेस एक नए ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर (GCC) के तौर पर काम करेगी। लगभग 9.5 साल की इस डील के लिए कंपनी हर महीने लगभग ₹86.58 लाख का किराया देगी, यानी ₹66.25 प्रति वर्ग फुट।
यह कदम भारत के टैलेंट और इनोवेशन को भुनाने की कंपनी की मंशा को दर्शाता है। कंपनी के पास पहले से ही गुरुग्राम ( 2014 ) और पुणे ( 2016 , 2022 ) में R&D सेंटर हैं, और यह नया GCC टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग और ग्लोबल सपोर्ट जैसे बड़े ऑपरेशंस संभालेगा।
भारत का ऑफिस मार्केट और GCCs का बढ़ता क्रेज
यह लीज भारत के कमर्शियल रियल एस्टेट मार्केट में GCCs की बढ़ती डिमांड का एक बड़ा उदाहरण है। Q1 2026 में GCCs ने देश भर में 9.1 मिलियन वर्ग फुट ऑफिस स्पेस लीज पर ली, जो कुल लीजिंग का बड़ा हिस्सा है। पुणे, 11.23% की वेकेंसी रेट के साथ, बेंगलुरु के बाद दूसरा सबसे बड़ा ऑफिस मार्केट बनकर उभरा है। FY2026 में पुणे के ऑफिस सप्लाई में 3-4% की बढ़ोतरी का अनुमान है।
शेयर में गिरावट और कानूनी पचड़े
जहां एक ओर Boston Scientific भारत में विस्तार कर रही है, वहीं दूसरी ओर इसके शेयर की हालत चिंताजनक है। 1 जनवरी, 2026 से अब तक कंपनी के शेयर करीब 42.1% गिर चुके हैं और अपने 52-हफ्ते के निचले स्तर $54.98 के करीब कारोबार कर रहे हैं। पिछले हफ्ते ही शेयर 12% लुढ़क गया था।
यह गिरावट कंपनी पर इलेक्ट्रोफिजियोलॉजी बिज़नेस को लेकर गलत बयानी के आरोपों वाली कई सिक्योरिटीज क्लास-एक्शन लॉसूूट्स (Securities Class-Action Lawsuits) के दबाव का नतीजा है। कंपनी मैनेजमेंट ने 2026 के लिए अपने पूरे साल के फोरकास्ट (Forecast) को भी घटा दिया है। इसके पीछे प्रोसीजरल वॉल्यूम्स में चुनौती, इलेक्ट्रोफिजियोलॉजी जैसे क्षेत्रों में बढ़ती प्रतिस्पर्धा और हालिया अधिग्रहणों (Acquisitions) से जुड़े इंटीग्रेशन इश्यूज को वजह बताया गया है। कंपनी का Johnson & Johnson, Nevro और TissueGen जैसी कंपनियों के साथ पुराने पेटेंट इन्फ्रिंजमेंट सेटलमेंट का इतिहास भी रहा है।
एनालिस्ट्स की राय और कंपनी का भविष्य
इन सब के बावजूद, एनालिस्ट्स (Analysts) कंपनी को लेकर ज़्यादातर पॉजिटिव (Positive) हैं। वे Boston Scientific को 'मॉडरेट बाय' (Moderate Buy) की कंसेंसस रेटिंग (Consensus Rating) दे रहे हैं और इसका औसत प्राइस टारगेट (Price Target) $93.91 है। कंपनी का मार्केट कैप करीब $82.18 बिलियन है और Q1 2026 में नेट सेल्स 11.6% बढ़ी थी।
यह पुणे GCC में निवेश भविष्य की क्षमता के लिए है, लेकिन कंपनी को अपने ग्रोथ टारगेट्स को हासिल करने के लिए स्टॉक में उतार-चढ़ाव, कानूनी विवादों और घटाए गए फोरकास्ट जैसी बड़ी चुनौतियों से पार पाना होगा।
