RBI ने Repo Rate बढ़ाकर 5.50% की, गवर्नर संजय मल्होत्रा ने रुपये की गिरावट को नकारा

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AuthorMehul Desai|Published at:
RBI ने Repo Rate बढ़ाकर 5.50% की, गवर्नर संजय मल्होत्रा ने रुपये की गिरावट को नकारा

महंगाई पर लगाम लगाने के लिए Reserve Bank of India ने बड़ा फैसला लेते हुए Repo Rate को **25 बेसिस पॉइंट्स** बढ़ाकर **5.50%** कर दिया है। इसके साथ ही बैंक ने अपनी पॉलिसी को 'कैलिब्रेटेड टाइटनिंग' (Calibrated Tightening) में बदल दिया है।

बदल गया RBI का रुख

महंगाई के मोर्चे पर लगातार दबाव के बीच, मॉनेटरी पॉलिसी कमिटी (MPC) ने अपनी न्यूट्रल स्टैंड को बदलकर अब 'कैलिब्रेटेड टाइटनिंग' का रुख अपनाया है। इसका मतलब साफ है कि आने वाले समय में भी ब्याज दरों में बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। RBI का अनुमान है कि फाइनेंशियल ईयर FY27 में महंगाई 5.2% के स्तर पर रह सकती है।

रुपये की चाल पर क्या बोले गवर्नर?

रुपये के गिरते भाव को लेकर मार्केट में काफी चिंता है, लेकिन RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा ने इन अटकलों को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि रुपया अंडरवैल्यूड (undervalued) है और यह गिरावट केवल 'शॉर्ट-टर्म मार्केट इ्र्रेशनलिटि' है, न कि देश की इकोनॉमी की कमजोरी। उन्होंने साफ किया कि भारत की फंडामेंटल्स मजबूत हैं।

निवेशकों और कर्जदारों पर असर

ब्याज दरों में इस बढ़ोतरी का असर सीधे तौर पर कर्ज की लागत पर पड़ेगा। आने वाले महीनों में होम लोन और अन्य तरह के लोन महंगे हो सकते हैं, जिससे बैंकिंग सेक्टर की क्रेडिट ग्रोथ पर असर पड़ सकता है। इसके अलावा, ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतें और वेस्ट एशिया में जारी तनाव भी इकोनॉमी के लिए एक बड़ा रिस्क फैक्टर बना हुआ है। हालांकि, गवर्नर ने आश्वस्त किया है कि फॉरेन एक्सचेंज मार्केट में जरूरत पड़ने पर सेंट्रल बैंक हस्तक्षेप करेगा ताकि अस्थिरता को रोका जा सके।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.