RBI Repo Rate Hike: रेपो रेट में बढ़ोतरी से बाजार में खलबली, Nifty में भारी गिरावट

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AuthorAditi Chauhan|Published at:
RBI Repo Rate Hike: रेपो रेट में बढ़ोतरी से बाजार में खलबली, Nifty में भारी गिरावट

RBI ने महंगाई पर लगाम लगाने के लिए रेपो रेट में **25 बेसिस पॉइंट्स** का इजाफा कर इसे **5.50%** कर दिया है। इस फैसले के बाद से निवेशकों के बीच हड़कंप है और Nifty में दबाव साफ दिख रहा है।

RBI के गवर्नर ने मार्केट को चौंकाते हुए अचानक ब्याज दरों में बढ़ोतरी का ऐलान कर दिया है। सेंट्रल बैंक का रुख अब 'कैलिब्रेटेड टाइटनिंग' (Calibrated Tightening) की ओर शिफ्ट हो गया है, जिससे साफ है कि प्राथमिकता अब ग्रोथ के बजाय महंगाई को काबू करना है। इस कदम के बाद बैंकों के लिए फंड जुटाना महंगा होगा, जिसका सीधा असर कंपनियों के मार्जिन और आम लोगों के लोन की EMI पर पड़ना तय है।\n\n### बाजार का सेंटीमेंट और चुनौतियां\nमार्केट फिलहाल कई तरफ से दबाव में है। एक तरफ विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) की लगातार बिकवाली जारी है, तो दूसरी तरफ रुपया 96.77 के स्तर तक लुढ़क गया है। इसके अलावा, 102 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बने क्रूड ऑयल और अमेरिका में 5.37% तक पहुंच चुकी बॉन्ड यील्ड्स ने भारतीय इक्विटी मार्केट से निवेश बाहर निकालने के लिए मजबूर कर दिया है।\n\n### IT सेक्टर बना ढाल\nगिरावट के इस माहौल में IT सेक्टर निवेशकों के लिए 'सेफ हेवन' (Safe Haven) की तरह काम कर रहा है। Tata Consultancy Services, Infosys, HCL Technologies और Tech Mahindra जैसे बड़े शेयरों में स्थिरता देखी जा रही है। अब सबकी निगाहें Q2 FY27 के नतीजों और इन कंपनियों के मैनेजमेंट की कमेंट्री पर टिकी हैं, जिससे यह साफ होगा कि ग्लोबल मंदी का असर क्लाइंट स्पेंडिंग पर कितना है।\n\n### आगे की राह\nRBI ने वित्त वर्ष 2027 के लिए GDP ग्रोथ का अनुमान बढ़ाकर 7.1% जरूर किया है, लेकिन महंगाई का प्रोजेक्शन 5.2% पर बना हुआ है। फिलहाल, Nifty के लिए 22,600 का लेवल एक अहम टेक्निकल सपोर्ट के रूप में देखा जा रहा है। जब तक FIIs की बिकवाली थमती नहीं और रुपये में स्थिरता नहीं आती, तब तक बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रहने की उम्मीद है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.