Telangana सरकार ने हैदराबाद में औद्योगिक विकास को रफ्तार देने के लिए नए रेल इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की योजना बनाई है। हालांकि, मौजूदा परियोजनाओं की रफ्तार जमीन अधिग्रहण (Land Acquisition) जैसी गंभीर समस्याओं के कारण धीमी बनी हुई है।
इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार की नई योजना
तेलंगाना सरकार ने हैदराबाद के आसपास के औद्योगिक और शहरी क्षेत्रों में रेल नेटवर्क फैलाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। 31 अगस्त, 2026 को हुई एक समीक्षा बैठक में मुख्य सचिव संजय जाजू ने उन प्रस्तावों पर चर्चा की, जिनका लक्ष्य 'आउटर रिंग रोड' और प्रस्तावित 'फ्यूचर सिटी' को मुख्य रेल नेटवर्क से जोड़ना है। इन प्रोजेक्ट्स को PM गति शक्ति प्लान के साथ जोड़ा गया है, जिससे ट्रैफिक कम करने और कनेक्टिविटी सुधारने में मदद मिलेगी।
निवेश और चुनौतियां
वर्तमान में राज्य में कुल 21 बड़े रेल प्रोजेक्ट्स चल रहे हैं, जिनका कुल निवेश लगभग ₹40,769 करोड़ है। इन परियोजनाओं की सफलता राज्य प्रशासन और रेलवे बोर्ड के बीच तालमेल पर निर्भर करती है। हालांकि, सबसे बड़ी चुनौती जमीन के अधिग्रहण की है। अगस्त 2026 तक के आंकड़ों के मुताबिक, केवल 63% जमीन का ही अधिग्रहण हो पाया है। इस देरी के कारण सड़क के ऊपर और नीचे बनने वाले पुलों (ROB/RUB) का निर्माण भी लटका हुआ है।
बजट और भविष्य की राह
केंद्र सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में तेलंगाना के लिए ₹5,454 करोड़ आवंटित किए हैं। अब सारा दारोमदार इस पर है कि सरकार इन अड़चनों को कितनी जल्दी दूर कर पाती है। निवेशकों के लिए इन प्रोजेक्ट्स की फिजिकल प्रोग्रेस और एडमिनिस्ट्रेटिव क्लीयरेंस पर नजर रखना बेहद जरूरी है।
