Eastern Railway: बिजली के बुनियादी ढांचे में बड़ा बदलाव, सेफ्टी ऑडिट के साथ अपग्रेड की तैयारी

RAILWAY
Whalesbook Logo
AuthorNeha Patil|Published at:
Eastern Railway: बिजली के बुनियादी ढांचे में बड़ा बदलाव, सेफ्टी ऑडिट के साथ अपग्रेड की तैयारी

Railway Board ने Eastern Railway के इलेक्ट्रिकल एसेट्स का सेफ्टी ऑडिट शुरू कर दिया है। इक्विपमेंट फेलियर और आग के जोखिम को देखते हुए, रेलवे अब HOG तकनीक और बेहतर वायरिंग पर जोर दे रही है ताकि डीजल का खर्च घटाया जा सके और कैपेसिटी बढ़ाई जा सके।

सुरक्षा पर रेलवे का सख्त रुख

Railway Board ने Eastern Railway के इलेक्ट्रिकल इंफ्रास्ट्रक्चर की तकनीकी जांच शुरू कर दी है। Additional Member रामेंद्र कुमार तिवारी के नेतृत्व में यह ऑडिट मुख्य रूप से हावड़ा-मेमारी कॉरिडोर और बांडेल सबस्टेशन पर केंद्रित है। इसका मकसद उन तकनीकी कमियों और आग के खतरों को पहचानना है, जिनकी वजह से क्षेत्र में ट्रेनों के संचालन में बार-बार बाधाएं आ रही हैं।

नई तकनीक से होगा बड़ा फायदा

सुरक्षा के अलावा, रेलवे का पूरा ध्यान अब पुरानी टेक्नोलॉजी को बदलने पर है। अब तक ट्रेन में लाइट और एयर कंडीशनिंग के लिए डीजल से चलने वाले जनरेटर कार (EOG) का इस्तेमाल होता है। इसे बदलकर अब Head On Generation (HOG) सिस्टम लाया जा रहा है। इसमें कोच सीधे ओवरहेड लाइनों से बिजली खींचते हैं। इस बदलाव से न केवल डीजल की खपत और कार्बन उत्सर्जन कम होगा, बल्कि जनरेटर कार की जगह पैसेंजर कोच जोड़कर ट्रेनों की क्षमता भी बढ़ाई जा सकेगी।

प्राइवेट सेक्टर के लिए अवसर

भारतीय रेल के इस आधुनिकीकरण अभियान का असर प्राइवेट सेक्टर पर भी पड़ेगा। रेलवे इक्विपमेंट, पावर मैनेजमेंट सिस्टम और कैटेनरी वायर बनाने वाली कंपनियों के लिए नए कॉन्ट्रैक्ट्स की संभावना बढ़ गई है। जैसे-जैसे रेलवे पुराने तारों को बदलने और तकनीकी हब बनाने का काम तेज करेगी, इन कंपनियों के लिए काम का फ्लो बढ़ना तय है।

जोखिम और चुनौती

हालांकि, दुनिया के सबसे व्यस्त नेटवर्क में से एक में ट्रेनों की आवाजाही को बिना बाधित किए इतने बड़े पैमाने पर काम करना एक बड़ी चुनौती है। निवेशक अब इस बात पर नजर रखे हुए हैं कि रेलवे टेंडर जारी करने और काम को पूरा करने की रफ्तार कैसे बनाए रखती है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.