नौकरी बदलने के बाद बिखरे हुए पुराने PF अकाउंट्स को एक जगह लाना अब बेहद आसान हो गया है। EPFO मेंबर पोर्टल के जरिए आप अपने सभी पुराने अकाउंट्स को एक सिंगल UAN से जोड़ सकते हैं, जिससे रिटायरमेंट सेविंग मैनेज करना आसान होगा।
नौकरी बदलने के साथ अक्सर कर्मचारियों के पास कई PF अकाउंट्स जमा हो जाते हैं। जब आपका नया एम्प्लॉयर मौजूदा UAN को लिंक करने के बजाय नया मेंबर ID बना देता है, तो आपकी सेविंग्स अलग-अलग हो जाती हैं। इन बिखरे हुए अकाउंट्स को एक साथ जोड़ना न केवल एक्सेस के लिए जरूरी है, बल्कि यह आपके कुल कॉर्पस पर सही ब्याज और पेंशन बेनिफिट्स के लिए भी अनिवार्य है।
कैसे करें मर्ज (One Member – One EPF Account)
Employees' Provident Fund Organisation (EPFO) ने इस प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल कर दिया है। 'Unified Member Portal' के जरिए आप 'One Member – One EPF Account' रिक्वेस्ट (फॉर्म 13) डाल सकते हैं, जिससे पहले की तरह कागजी कार्रवाई की जरूरत नहीं पड़ती।
जरूरी शर्तें: KYC और Date of Exit
ऑनलाइन प्रक्रिया सफल हो, इसके लिए कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है। पहला, आपका KYC यानी Aadhaar, PAN, और बैंक डिटेल्स बिल्कुल सही होनी चाहिए। अगर इनमें कोई अंतर है, तो क्लेम रिजेक्ट हो सकता है।
दूसरा, सबसे महत्वपूर्ण है 'Date of Exit'। पुराने एम्प्लॉयर को सिस्टम में आपकी नौकरी छोड़ने की तारीख मार्क करनी होती है। अगर यह डेट गायब है, तो आपका पुराना अकाउंट ट्रांसफर के लिए शो नहीं होगा। ऐसी स्थिति में आपको पुरानी कंपनी के HR विभाग से संपर्क करना होगा।
सुरक्षा और सावधानियां
EPFO ने अब Aadhaar-बेस्ड ऑथेंटिकेशन और UMANG ऐप के जरिए 'फेस ऑथेंटिकेशन' की सुविधा दी है ताकि लॉगिन आसान हो। ध्यान रखें कि किसी भी थर्ड-पार्टी वेबसाइट या अनजान व्यक्ति पर भरोसा न करें जो PF ट्रांसफर के बदले पैसे मांगते हैं। EPFO ऐसी किसी एजेंसी को अधिकृत नहीं करता है। हमेशा आधिकारिक पोर्टल epfindia.gov.in का ही उपयोग करें और किसी भी प्रकार के फिशिंग फ्रॉड से बचें।
