अपने TransUnion CIBIL क्रेडिट रिपोर्ट की नियमित जांच आपको आइडेंटिटी थेफ्ट और लोन से जुड़ी गलतियों से बचा सकती है। जानिए अनजान लेंडर एंट्रीज को कैसे वेरीफाई करें और गलत जानकारी को हटाने की प्रक्रिया क्या है।
लेंडर इंक्वायरी को समझें
जब कोई बैंक या फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशन आपके क्रेडिट फाइल को चेक करता है, तो वह 'लेंडर इंक्वायरी' के रूप में दर्ज हो जाता है। अगर आपने हाल ही में क्रेडिट कार्ड या पर्सनल लोन के लिए अप्लाई किया है, तो यह सामान्य है। लेकिन अगर आपको अपनी रिपोर्ट में किसी ऐसे बैंक का नाम दिखता है जिसे आप नहीं जानते, तो घबराएं नहीं। डिजिटल लेंडिंग और 'बाय-नाउ-पे-लेटर' प्लेटफॉर्म अक्सर अपने पार्टनर बैंकों के जरिए काम करते हैं, इसलिए रिपोर्ट में उस बैंक का नाम आ सकता है। हमेशा इन इंक्वायरीज को अपनी हालिया फाइनेंशियल एक्टिविटी से क्रॉस-चेक करें।
गलत एंट्री मिलने पर क्या करें?
अगर आपको ऐसी कोई इंक्वायरी दिखती है जिसे आप नहीं समझ पा रहे हैं, तो तुरंत कदम उठाएं। सबसे पहले उस बैंक या फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशन से संपर्क करें और पूछें कि यह क्रेडिट सर्च क्यों की गई थी। अगर बैंक पुष्टि करता है कि उन्होंने आपसे कोई संपर्क नहीं किया, तो उनसे एरर का लिखित प्रमाण लें।
इसके बाद, TransUnion CIBIL के पास औपचारिक डिस्प्यूट (Dispute) दर्ज करें। ध्यान रखें कि CIBIL केवल डेटा को इकट्ठा करने वाली संस्था है, वह बैंक की जानकारी में अपने आप बदलाव नहीं कर सकती। ब्यूरो आपकी शिकायत को संबंधित बैंक से वेरीफाई करवाएगा, जिसमें आमतौर पर 30 दिन का समय लगता है। अगर मामला किसी ऐसे लोन अकाउंट का है जो आपने कभी नहीं लिया, तो अपने पास सभी सबूत और पत्राचार (Correspondence) संभाल कर रखें। अपनी क्रेडिट हिस्ट्री की लगातार निगरानी ही आपकी फाइनेंशियल सेहत को दुरुस्त रखने का सबसे प्रभावी तरीका है।
