YSRCP ने Telugu Desam Party (TDP) पर स्थानीय निकाय चुनावों में धांधली का गंभीर आरोप लगाया है। पार्टी का कहना है कि निर्विरोध सीटें जीतने के लिए **₹40 लाख** से **₹50 लाख** तक की रिश्वत दी गई है और अब State Election Commission से निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है।
आंध्र प्रदेश की राजनीति में हालिया स्थानीय निकाय चुनावों के दौरान कथित भ्रष्टाचार और धांधली के आरोपों ने हलचल मचा दी है। YSRCP के सांसद मड्डिला गुरुमूर्ति ने चुनावी नतीजों की वैधता पर सवाल उठाते हुए एक स्वतंत्र जांच की मांग की है।
गंभीर आरोपों का ब्यौरा
YSRCP का आरोप है कि TDP के उम्मीदवारों ने प्रतिस्पर्धा को खत्म करने के लिए कथित तौर पर ₹40 लाख से लेकर ₹50 लाख तक का भुगतान किया है ताकि वे निर्विरोध चुनाव जीत सकें। इसके अलावा, पार्टी ने यह भी दावा किया है कि रिटर्निंग ऑफिसर के दफ्तरों में नामांकन पत्र फाड़े गए और तकनीकी आधार पर विपक्ष के उम्मीदवारों को अयोग्य घोषित करने के लिए प्रशासनिक प्रक्रियाओं का दुरुपयोग किया गया।
प्रशासनिक और राजनीतिक प्रभाव
फिलहाल, इन गंभीर आरोपों के समर्थन में कोई ठोस साक्ष्य या वित्तीय दस्तावेज सामने नहीं आए हैं। पूरी प्रक्रिया की साख अब State Election Commission के अगले कदमों पर टिकी है। राजनीतिक अस्थिरता का अंदेशा जताते हुए स्थानीय हितधारकों की नजरें अब इस बात पर टिकी हैं कि क्या सरकार इन आरोपों की जांच के लिए कोई औपचारिक कमेटी गठित करेगी या नहीं। यह घटनाक्रम राज्य के प्रशासनिक माहौल और चुनावी निष्पक्षता के लिहाज से काफी संवेदनशील माना जा रहा है।
