भारतीय शेयर बाज़ार में सोमवार को लगातार तेजी देखने को मिली। BSE Sensex **291** अंक चढ़कर **77,094** पर बंद हुआ, वहीं NSE Nifty **89** अंक बढ़कर **24,102** के पार निकल गया। पिछले सात ट्रेडिंग सेशन में यह छठी बार है जब बाज़ार में उछाल दर्ज किया गया है।
बाज़ार में तेजी की वजह?
सोमवार को बाज़ार में आई इस तेजी का मुख्य कारण मध्य-पूर्व में तनाव कम होने के संकेत थे। अमेरिका-ईरान के बीच चल रही बातचीत से अगले दो महीनों में स्थिरता आने की उम्मीद जगी है। इस खबर से ग्लोबल अनिश्चितता कम हुई और ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतों में गिरावट आई, जो घटकर $80 प्रति बैरल के नीचे $79.36 के करीब आ गया। भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए कच्चे तेल की कम कीमतें महंगाई को नियंत्रित करने और आयात बिल घटाने में मददगार होती हैं, जिससे भारतीय रुपये को भी मजबूती मिलती है।
Reliance और IT स्टॉक्स का कमाल
बाज़ार को सहारा देने में Reliance Industries का बड़ा योगदान रहा। कंपनी के एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) में हुए ऐलान के बाद इसके शेयर 1.31% चढ़ गए। इसके अलावा, टेक्नोलॉजी सेक्टर में भी रिकवरी देखी गई। Tech Mahindra, Infosys, TCS, और HCLTech जैसी दिग्गज IT कंपनियां हरे निशान में बंद हुईं, जिससे Nifty IT इंडेक्स 0.74% ऊपर गया।
किन सेक्टर्स ने दिखाया दम?
सेक्टोरल फ्रंट पर ज़्यादातर इंडेक्स हरे निशान में रहे। Nifty Media इंडेक्स 1.42% की बढ़त के साथ टॉप गेनर रहा। हेल्थकेयर और फार्मा सेक्टर भी अच्छा प्रदर्शन करते रहे। Nifty Pharma इंडेक्स 1.24% और Nifty Healthcare इंडेक्स 1.05% चढ़ा। इसके अलावा, बैंकिंग और फाइनेंशियल सर्विसेज में भी खरीदारी देखने को मिली, Nifty Financial Services इंडेक्स 0.65% और Nifty PSU Bank इंडेक्स 0.54% चढ़ा।
आगे क्या देखना होगा?
बाज़ार की मौजूदा तेजी के बावजूद, एनालिस्ट्स कुछ बातों पर नज़र रखने की सलाह दे रहे हैं। दक्षिण-पश्चिम मॉनसून की प्रगति एक महत्वपूर्ण फैक्टर है; अगर बारिश धीमी रही तो रूरल इकोनॉमी और एग्रीकल्चर पर महंगाई का दबाव बढ़ सकता है। इसके अलावा, निवेशक कच्चे तेल की कीमतों, फॉरेन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (FII) की एक्टिविटी और रुपये की चाल पर भी नज़र रखेंगे। वहीं, इंडिया VIX (जो बाज़ार के डर को मापता है) थोड़ा गिरकर 12.84 पर आ गया, जो नज़दीकी अवधि में बाज़ार की स्थिरता को लेकर निवेशकों के बढ़ते भरोसे का संकेत देता है।
