Independence Day Event: राहुल गांधी अब कैबिनेट मंत्रियों के साथ बैठेंगे, रक्षा मंत्रालय ने जारी किया प्रोटोकॉल

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AuthorAditi Chauhan|Published at:
Independence Day Event: राहुल गांधी अब कैबिनेट मंत्रियों के साथ बैठेंगे, रक्षा मंत्रालय ने जारी किया प्रोटोकॉल

रक्षा मंत्रालय ने 2026 के स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए बड़ा ऐलान किया है। अब लोकसभा में विपक्ष के नेता (Leader of the Opposition) राहुल गांधी, केंद्रीय कैबिनेट मंत्रियों के ठीक बाद बैठेंगे। यह फैसला सरकारी 'टेबल ऑफ प्रेसिडेंस' के अनुसार लिया गया है, जो विपक्ष के नेता को कैबिनेट मंत्री के बराबर का दर्जा देता है।

प्रोटोकॉल का पेंच सुलझा

नई दिल्ली: रक्षा मंत्रालय ने लाल किले पर होने वाले आगामी स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए बैठने की व्यवस्था (Seating Protocol) को लेकर स्थिति स्पष्ट कर दी है। मंत्रालय ने बताया कि लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी इस साल के समारोह में केंद्रीय कैबिनेट मंत्रियों के ठीक बाद बैठेंगे। यह स्पष्टीकरण पिछली बार हुई प्रोटोकॉल संबंधी शिकायतों के बाद आया है।

पिछली बार क्या हुआ था?

पिछले साल 2025 के स्वतंत्रता दिवस समारोह में विपक्ष के नेता को 'पांचवीं पंक्ति' में बिठाए जाने पर कांग्रेस पार्टी ने कड़ी आपत्ति जताई थी। उनका कहना था कि यह स्थापित लोकतांत्रिक मानदंडों के खिलाफ है। इसी तरह, इस साल की गणतंत्र दिवस परेड में भी विपक्ष के नेताओं को तीसरी पंक्ति में बिठाए जाने को लेकर बहस हुई थी।

'टेबल ऑफ प्रेसिडेंस' का पालन

सरकार का कहना है कि इन विसंगतियों को दूर करने के लिए 'टेबल ऑफ प्रेसिडेंस' का सख्ती से पालन किया जाएगा। राष्ट्रपति सचिवालय द्वारा जारी इस आधिकारिक दस्तावेज़ के अनुसार, लोकसभा में विपक्ष के नेता का पद केंद्रीय कैबिनेट मंत्री के बराबर होता है। इस नियम का पालन करके, सरकार यह सुनिश्चित करना चाहती है कि सरकारी कार्यक्रमों में संवैधानिक स्थिति के आधार पर प्रोटोकॉल बना रहे।

इस बार का खास थीम और प्रस्तुति

प्रोटोकॉल के अलावा, 2026 के स्वतंत्रता दिवस समारोह की थीम 'युवा शक्ति' (Youth Power) रखी गई है। यह थीम देश के विकास में युवाओं की भूमिका और 'विकसित भारत' (Viksit Bharat) के लक्ष्य में उनके योगदान को दर्शाएगी। रक्षा मंत्रालय ने यह भी बताया कि यह थीम हाल की छात्र गतिविधियों से पहले तय कर ली गई थी।

एक और खास बात यह है कि इस बार समारोह में राष्ट्रीय गीत 'वंदे मातरम' को लाल किले की प्राचीर से पहली बार प्रस्तुत किया जाएगा। यह 'वंदे मातरम' की 150वीं वर्षगांठ के अवसर पर होगा। प्रधानमंत्री द्वारा राष्ट्र ध्वज फहराए जाने से ठीक पहले यह प्रस्तुति होगी, जो कार्यक्रम की शुरुआत का संकेत देगी।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.