Punjab CM Bhagwant Mann: ED के आरोपों पर CM का पलटवार, कहा - 'राजनीतिक हमला'

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AuthorNeha Patil|Published at:
Punjab CM Bhagwant Mann: ED के आरोपों पर CM का पलटवार, कहा - 'राजनीतिक हमला'

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने प्रवर्तन निदेशालय (ED) के उन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है जिनमें उनके दफ्तर की संलिप्तता बताई गई है। ED ने CM के OSD से जुड़े व्यक्तियों के खिलाफ FIR दर्ज करने की सिफारिश की थी, जिसमें 61 बार सरकारी कामकाज में दखलअंदाजी का आरोप है। यह एक राजनीतिक मामला है और इसका शेयर बाजार या कंपनियों पर कोई सीधा असर नहीं है।

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने बुधवार, 19 अगस्त 2026 को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रवर्तन निदेशालय (ED) के आरोपों को "पूरी तरह से बेबुनियाद" बताया। उन्होंने कहा कि यह आगामी राज्य विधानसभा चुनावों से पहले उनकी सरकार को निशाना बनाने की एक राजनीतिक साजिश है।

ED ने हाल ही में पंजाब के पुलिस महानिदेशक गौरव यादव को एक चिट्ठी भेजी थी। इसमें मुख्यमंत्री के विशेष अधिकारी (OSD) राजबीर सिंह घुमन से जुड़े कुछ निजी व्यक्तियों के खिलाफ FIR दर्ज करने की सिफारिश की गई थी। ED के अनुसार, इन लोगों ने सरकारी कामकाज में 61 बार कथित तौर पर दखलअंदाजी की। इन मामलों में सिविल तबादले, जमीन के सौदे, टेंडर प्रक्रिया और हथियार लाइसेंस को मंजूरी देना शामिल है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में भगवंत मान ने इन आरोपों का कड़ा खंडन करते हुए कहा कि केंद्र सरकार कुछ जांच एजेंसियों का इस्तेमाल भारतीय जनता पार्टी (BJP) द्वारा राजनीतिक विरोधियों को परेशान करने के लिए कर रही है। उन्होंने कहा कि जब उनके पास कहने को कोई असली राजनीतिक मुद्दा नहीं होता, तो वे ऐसे हथकंडों का सहारा लेते हैं। मान ने जोर देकर कहा कि उनकी सरकार पूरी तरह से पारदर्शी है और यह आरोप सिर्फ विरोधियों को दबाने का एक तरीका है।

यह घटनाक्रम पंजाब सरकार और केंद्रीय जांच एजेंसियों के बीच चल रहे तनाव को दिखाता है। मुख्यमंत्री ने इन मौजूदा घटनाओं की तुलना आम आदमी पार्टी (AAP) के नेताओं के खिलाफ अन्य क्षेत्रों में की गई कार्रवाई से की। उन्होंने इसे पंजाब में पार्टी के प्रभाव को कमजोर करने की एक पुरानी रणनीति बताया।

निवेशकों के लिए यह जानना महत्वपूर्ण है कि यह एक प्रशासनिक और राजनीतिक मामला है, जिसका सीधे तौर पर किसी सूचीबद्ध कंपनी, शेयर बाजार सूचकांकों या कॉर्पोरेट वित्तीय स्वास्थ्य से कोई संबंध नहीं है। अब देखना यह होगा कि पंजाब पुलिस ED की FIR दर्ज करने की सिफारिश पर क्या प्रतिक्रिया देती है और यह राजनीतिक टकराव राज्य सरकार के लिए आगे क्या कानूनी या प्रशासनिक चुनौतियां खड़ी करता है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.