कंपनी की वित्तीय हालत में भारी गिरावट
Nicco Parks & Resorts Limited का प्रदर्शन लगातार कमजोर होता जा रहा है। हाल ही में जारी किए गए नतीजों के अनुसार, कंपनी का नेट प्रॉफिट दिसंबर 2025 को समाप्त हुई तिमाही में पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 77.38% लुढ़क कर मात्र ₹86.34 लाख पर आ गया। वहीं, कंपनी का रेवेन्यू भी 30.19% की गिरावट के साथ ₹1,320.14 लाख पर पहुंच गया। ये आंकड़े कंपनी की बिगड़ती वित्तीय सेहत की ओर इशारा करते हैं।
प्रमोटर ने काटी हिस्सेदारी
इन खराब नतीजों के बीच, कंपनी के एक अहम प्रमोटर, Angshuman Ghosh, ने अपनी हिस्सेदारी कम करने का फैसला किया है। Ghosh ने 22 सितंबर 2025 से 16 फरवरी 2026 के बीच ओपन मार्केट ट्रांजैक्शन के ज़रिए 12,66,834 इक्विटी शेयर बेच दिए हैं। इस बिकवाली के बाद, कंपनी में उनकी सीधी हिस्सेदारी 5.00% से घटकर 2.29% रह गई है। प्रमोटर द्वारा हिस्सेदारी बेचना अक्सर निवेशकों के लिए एक नकारात्मक संकेत माना जाता है।
ऑडिटर की गंभीर 'गोइंग कंसर्न' चेतावनी
कंपनी के लिए सबसे बड़ी चिंता की बात यह है कि Nicco Parks के ऑडिटर ने इसकी 'गोइंग कंसर्न' (यानी, निकट भविष्य में संचालन जारी रखने की क्षमता) पर गंभीर सवाल उठाए हैं। यह गंभीर चेतावनी मुख्य रूप से दो वजहों से है:
- लैंड लीज का मुद्दा: एम्यूज़मेंट पार्क के 33 साल पुराने लैंड लीज एग्रीमेंट की अवधि फरवरी 2023 में समाप्त हो चुकी है, और लीज को रिन्यू कराने के आवेदन अभी भी लंबित हैं।
- भूमि अधिग्रहण: फूड और बेवरेज ऑपरेशंस के लिए इस्तेमाल होने वाली जमीन का एक हिस्सा राज्य सरकार ने अधिग्रहित कर लिया है, जिसका औपचारिकरण होना बाकी है।
ज़मीन और लीज से जुड़ी ये अनिश्चितताएं कंपनी के भविष्य के संचालन पर एक बड़ा प्रश्नचिन्ह लगाती हैं।
प्रमोटर का पुराना जुड़ाव और अब बिकवाली
Angshuman Ghosh का Nicco Parks से पुराना नाता रहा है। 2021 के अंत में, उन्होंने Bandhan Employee's Welfare Trust के साथ मिलकर कंपनी में 26% हिस्सेदारी खरीदने के लिए ओपन ऑफर दिया था। यह उस वक्त कंपनी में उनकी बड़ी रुचि को दर्शाता था। हालांकि, अब उनकी ओर से हिस्सेदारी बेचना उनके मौजूदा दृष्टिकोण में आए बदलाव का संकेत देता है।
निवेशकों का रुख और आगे क्या?
प्रमोटर द्वारा शेयर बेचना और ऑडिटर की 'गोइंग कंसर्न' चेतावनी, ये दोनों मिलकर निवेशकों के बीच चिंता बढ़ा सकते हैं। कंपनी का SEBI के नियमों के अनुपालन को लेकर भी अतीत में कुछ मुद्दे रहे हैं। भविष्य में, निवेशकों की नजर इस बात पर रहेगी कि Nicco Parks मैनेजमेंट इन महत्वपूर्ण ज़मीन लीज और अधिग्रहण के मुद्दों को कैसे सुलझाता है और कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन में कैसे सुधार लाता है।