Odisha Floods: भारी बारिश से 14,000 लोग विस्थापित, हाईवे और रेलवे नेटवर्क ठप

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Odisha Floods: भारी बारिश से 14,000 लोग विस्थापित, हाईवे और रेलवे नेटवर्क ठप

ओडिशा में गहरे डिप्रेशन के कारण हुई मूसलाधार बारिश ने 10 जिलों में तबाही मचा दी है। 14,000 से ज्यादा लोगों को सुरक्षित निकाला गया है, जबकि नेशनल हाईवे और रेल नेटवर्क बुरी तरह प्रभावित हुए हैं।

ओडिशा में कुदरत का कहर जारी है। एक गहरे डिप्रेशन (Deep Depression) की वजह से हुई भारी बारिश ने राज्य की कमर तोड़ दी है। प्रशासन ने अब तक 14,479 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है और इसके लिए 2,000 से ज्यादा रिलीफ कैंप बनाए गए हैं। कोरापुट, मलकानगिरी, गंजाम और बोलांगीर जैसे इलाकों में तो 300 मिमी से ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई है।

इंफ्रास्ट्रक्चर पर बड़ा असर

सड़क और रेल संपर्क पूरी तरह चरमरा गए हैं। केंद्रापड़ा का नेशनल हाईवे 53 और खल्लिकाेट का नेशनल हाईवे 16 बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं, जहां सड़कों के धंसने और चट्टानें गिरने की खबरें हैं। नेशनल हाईवे 326 के बंद होने से सैकड़ों गाड़ियां फंसी हुई हैं। वहीं, ईस्ट कोस्ट रेलवे (East Coast Railway) ने रायगड़ा डिवीजन में लैंडस्लाइड के कारण कई ट्रेनें रद्द कर दी हैं, जिससे रीजनल ट्रांसपोर्ट की सप्लाई चेन बुरी तरह बाधित हुई है।

अलर्ट मोड पर प्रशासन

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने बताया है कि सिस्टम अब छत्तीसगढ़ की ओर बढ़ रहा है, लेकिन राज्य में खतरा टला नहीं है। जलका, बुधबलंगा, बैतरणी और कानी नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं। सुंदरगढ़ और संबलपुर जैसे जिलों में मिट्टी के कटाव और लैंडस्लाइड का जोखिम अभी भी बना हुआ है।

आर्थिक असर पर नजर

राज्य की इकोनॉमी के लिए अब सबसे बड़ा सवाल है इंफ्रास्ट्रक्चर की मरम्मत की रफ्तार और फसलों को पहुंचा नुकसान। लॉजिस्टिक्स और ट्रेड को वापस पटरी पर लाने के लिए रेल और रोड कनेक्टिविटी का जल्द ठीक होना जरूरी है। निवेशक अब सरकारी राहत कार्यों और इंफ्रास्ट्रक्चर बजट पर पड़ने वाले लंबे समय के असर पर बारीकी से नजर बनाए हुए हैं।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.