Nifty 50 की शुरुआती बढ़त गायब, बैंक निफ्टी में 1% की तेजी

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AuthorAditya Rao|Published at:
Nifty 50 की शुरुआती बढ़त गायब, बैंक निफ्टी में 1% की तेजी

भारतीय शेयर बाज़ारों में बुधवार को शुरुआती तेज़ी थम गई। Nifty 50 सुबह की ऊंचाई से नीचे आकर लगभग **24,048** के स्तर पर कारोबार कर रहा है। हालांकि बाज़ार का सेंटिमेंट अभी भी पॉजिटिव है और ज़्यादातर शेयर चढ़ रहे हैं, लेकिन IT और मेटल सेक्टर में हुई बिकवाली ने बढ़त को सीमित कर दिया। निवेशक तकनीकी सपोर्ट लेवल और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों पर नज़र रखे हुए हैं।

बाज़ार में मुनाफावसूली, सेंसेक्स भी लुढ़का

बुधवार को इक्विटी बाज़ार में दोपहर के समय मुनाफावसूली देखने को मिली। सुबह के कारोबार में प्रमुख सूचकांकों में 300 अंकों से ज़्यादा की तेज़ी आई थी, लेकिन दोपहर तक वह भी फीकी पड़ गई। दोपहर के कारोबार में Nifty 50 करीब 0.2% गिरकर 24,048.05 पर आ गया, जबकि BSE Sensex 55.33 अंक टूटकर 76,999.61 पर पहुंच गया। इंडेक्स लेवल पर कंसॉलिडेट होने के बावजूद, BSE पर मार्केट ब्रेथ (advancing vs declining stocks) अभी भी पॉजिटिव बनी हुई है, जो बताता है कि चुनिंदा शेयरों में खरीदारी जारी है।

बैंकिंग सेक्टर का जलवा, इन शेयरों में तेज़ी

मार्केट को सबसे ज़्यादा सहारा फाइनेंशियल सेक्टर से मिला। बैंक निफ्टी इंडेक्स 1.06% चढ़कर 58,000 के पार निकल गया। पब्लिक सेक्टर बैंकों में हुई खरीदारी ने इस आउटपरफॉर्मेंस में अहम भूमिका निभाई। कंजम्पशन, सीमेंट और ऑटो सेक्टर में भी पॉजिटिव सेंटीमेंट दिखा। Nifty 50 पर UltraTech Cement, Shriram Finance, HDFC Life और Eicher Motors जैसे शेयर टॉप गेनर्स में रहे।

IT और मेटल में बिकवाली, ये रहे बड़े लूज़र

दूसरी तरफ, IT, मेटल और यूटिलिटीज सेक्टर में बिकवाली हावी रही। Power Grid Corporation के शेयर 2.45% तक गिरे। इसके अलावा Hindalco, Infosys और Hindustan Unilever जैसे बड़े शेयरों में भी बिकवाली देखी गई।

तकनीकी और मैक्रो फैक्टर्स पर एक नज़र

मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि Nifty 50 के लिए 24,050 का स्तर एक अहम नियर-टर्म सपोर्ट ज़ोन है। अगर इस लेवल से नीचे क्लोजिंग आती है, तो इंडेक्स 23,900 के स्तर तक भी जा सकता है। फिलहाल, इंडेक्स के लिए 24,300 के आसपास रेजिस्टेंस बना हुआ है। जून में स्थापित 100-दिन के एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज (EMA) के साथ मार्केट का मौजूदा ट्रेंड इन टेक्निकल लेवल्स पर बारीकी से नज़र रखने की ओर इशारा कर रहा है।

अंतर्राष्ट्रीय मैक्रो फैक्टर्स भी निवेशकों की भावना को प्रभावित कर रहे हैं। कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और मध्य पूर्व में भू-राजनीतिक चिंताओं के चलते भारतीय रुपया डॉलर के मुकाबले 96.1 के पार ट्रेड कर रहा है। MCX पर US क्रूड ऑयल की कीमतें करीब $80 प्रति बैरल के आसपास बनी हुई हैं, जो एनर्जी कॉस्ट को लेकर चिंता बढ़ा रही हैं। वहीं, सोने की कीमतों में स्थिरता बनी हुई है।

बाज़ार की निगाहें इस बात पर टिकी रहेंगी कि क्या Nifty 50 दोपहर के सत्र में अपने सपोर्ट लेवल को बनाए रख पाता है या नहीं। इसके अलावा, हैवीवेट IT और मेटल शेयरों में बिकवाली का दबाव, कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और करेंसी की वोलैटिलिटी भी दिनभर के मार्केट डायरेक्शन को तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।

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