27 जुलाई को भारतीय शेयर बाजार में तेजी देखने को मिली, जहां Nifty 50 इंडेक्स **0.96%** बढ़कर **23,996** पर बंद हुआ। कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट इस तेजी की मुख्य वजह रही।
Detailed Coverage
बाजार में लौटी रौनक, Nifty 50 ने 24,000 का मनोवैज्ञानिक स्तर छुआ
27 जुलाई को भारतीय शेयर बाजारों ने अच्छी रिकवरी दिखाई। बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) दोनों के प्रमुख सूचकांक हरे निशान में बंद हुए। Nifty 50 दिन के कारोबार के दौरान 24,000 के पार भी गया और आखिर में 0.96% की बढ़त के साथ 23,996 पर बंद हुआ। इसी तरह, बैंक निफ्टी (Bank Nifty) में भी 0.69% की तेजी दर्ज की गई और यह 57,087 पर बंद हुआ।
कच्चे तेल में गिरावट से मिली राहत
वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में नरमी आई, जिसका सीधा फायदा भारतीय अर्थव्यवस्था को मिला। भारत तेल का एक बड़ा आयातक देश है, इसलिए तेल की कीमतें गिरने से महंगाई पर लगाम लगने और करंट अकाउंट डेफिसिट (CAD) में सुधार की उम्मीद जगी है। यही वजह है कि बाजार में खरीदारी का माहौल बना।
Nifty 50 पर आगे क्या?
तकनीकी जानकारों का मानना है कि Nifty 50 के लिए 24,000 का स्तर अब काफी महत्वपूर्ण हो गया है। इस स्तर से ऊपर लगातार बने रहने पर इंडेक्स 24,200 से 24,300 तक की नई ऊंचाई छू सकता है। नीचे की तरफ, 23,600 का स्तर मजबूत सपोर्ट का काम कर रहा है, जबकि 23,800 पर तत्काल सपोर्ट मिलने की उम्मीद है।
Bank Nifty की चाल और रेजिस्टेंस
बैंक निफ्टी भी बाजार के साथ ऊपर तो चढ़ा, लेकिन इसमें थोड़ी कमजोरी के संकेत मिले। यह इंडेक्स अपने मीडियम और लॉन्ग-टर्म मूविंग एवरेज से ऊपर ट्रेड कर रहा है, लेकिन 57,300 से 57,400 के आसपास शॉर्ट-टर्म एवरेज का दबाव झेल रहा है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक, 57,600 से 57,650 के जोन को पार करने पर ही इसमें नई तेजी आ सकती है, जो इसे 58,200 तक ले जा सकती है। नीचे की तरफ 56,600 से 56,700 के पास 100-डे EMA सपोर्ट का काम कर रहा है।
F&O एक्सपायरी का रहेगा असर
28 जुलाई को मंथली फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (F&O) एक्सपायरी होनी है। ऐसे में, ट्रेडर्स अपनी पोजीशन एडजस्ट करेंगे, जिससे बाजार में थोड़ी वोलैटिलिटी (Volatility) देखी जा सकती है। निवेशकों को इस ओर नजर रखनी चाहिए।
