20 जुलाई को भारतीय शेयर बाज़ार में हल्की गिरावट दिखी, लेकिन Nifty 50 ने **24,135** के अहम स्तर को बनाए रखा। यह लेवल 100-दिन के एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज (EMA) के करीब है। बाज़ार की नज़रें अब **24,350-24,400** के रेजिस्टेंस ज़ोन पर टिकी हैं।
Detailed Coverage
रेंज-बाउंड ट्रेडिंग और अहम सपोर्ट लेवल्स
20 जुलाई को भारतीय इक्विटी मार्केट में कंसॉलिडेशन (consolidation) का दौर देखने को मिला, जहाँ निवेशकों ने रेंज-बाउंड ट्रेडिंग सेशन में सावधानी बरती। Nifty 50 दिन के अंत में मामूली गिरावट के साथ बंद हुआ, लेकिन इसने 24,135 के महत्वपूर्ण 100-दिन EMA को सफलतापूर्वक डिफेंड किया। यह लेवल फिलहाल एक मजबूत शॉर्ट-टर्म सपोर्ट के तौर पर काम कर रहा है, और इसके नीचे 24,000 का साइकोलॉजिकल लेवल भी सहारा दे रहा है।
ऊपर की ओर रेजिस्टेंस और Bank Nifty का दबाव
ऊपरी स्तर पर, 24,350 से 24,400 का ज़ोन एक बड़ा हर्डल (hurdle) बनकर उभरा है। टेक्निकल एनालिस्ट्स (technical analysts) का मानना है कि इस ज़ोन के ऊपर एक स्पष्ट और टिकाऊ ब्रेकआउट (breakout) हाल के स्विंग हाई (swing highs) की ओर मोमेंटम (momentum) में बदलाव का संकेत देगा। वहीं, बैंक निफ्टी (Bank Nifty) पर दिन भर में करीब 1% का दबाव देखा गया। इसके बावजूद, यह इंडेक्स (index) अपने मेजर मूविंग एवरेज (moving averages) और 57,300 के पास 23.6% फिबोनैकी रिट्रेसमेंट लेवल (Fibonacci retracement level) से ऊपर बना हुआ है, जो बैंकिंग सेक्टर के लिए एक बेस (base) का काम कर रहा है।
डेरिवेटिव्स डेटा और मार्केट का सेंटिमेंट (Sentiment)
बाज़ार के प्रतिभागी भविष्य के रुझानों का अंदाज़ा लगाने के लिए डेरिवेटिव्स (derivatives) डेटा का भी विश्लेषण कर रहे हैं। ऑप्शन एक्टिविटी (Options activity) के अनुसार, Nifty कॉल्स के 24,500 स्ट्राइक पर भारी ओपन इंटरेस्ट (open interest) है, जो इसे प्रमुख रेजिस्टेंस लेवल बनाता है। वहीं, 24,200 पुट स्ट्राइक (put strike) पर सबसे ज़्यादा ओपन इंटरेस्ट देखा गया है, जो ट्रेडर्स के लिए तत्काल सपोर्ट ज़ोन का संकेत देता है। बैंक निफ्टी के लिए, 59,000 कॉल स्ट्राइक मुख्य रेजिस्टेंस लेवल बना हुआ है, जबकि 58,000 पुट स्ट्राइक मुख्य सपोर्ट एरिया के तौर पर काम कर रहा है।
वोलेटिलिटी (Volatility) और आगे का रास्ता
ब्रॉडर मार्केट (broader market) का सेंटिमेंट काफी हद तक स्थिर दिख रहा है। इंडिया VIX (India VIX), जो मार्केट वोलेटिलिटी को ट्रैक करता है, 14 से नीचे बना हुआ है, जिसका मतलब है कि निवेशक फिलहाल किसी बड़े उतार-चढ़ाव की आशंका नहीं जता रहे हैं। Nifty पुट-कॉल रेशियो (Put-Call Ratio) थोड़ा घटकर 1.28 हो गया है, जो आक्रामक बुलिश पोजीशनिंग (bullish positioning) से एक अधिक सतर्क स्थिति की ओर बदलाव का संकेत है। हालाँकि ट्रेडिंग इंटरेस्ट मिश्रित था, जिसमें 76 स्टॉक्स में लॉन्ग बिल्ड-अप (long build-up) देखा गया, जबकि 31 स्टॉक्स में शॉर्ट बिल्ड-अप (short build-up) था। निवेशकों को यह भी ध्यान देना चाहिए कि Kaynes Technology India फिलहाल फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (F&O) बैन लिस्ट में शामिल है।
आगे चलकर, निवेशक इस बात पर नज़र रखेंगे कि Nifty 50 इंडिया VIX में बड़ी वृद्धि के बिना अपने सपोर्ट लेवल को बनाए रख पाता है या नहीं। इंडेक्स की 24,400 के रेजिस्टेंस लेवल को भेदने की क्षमता ही संभवतः ब्रॉडर मार्केट के अगले डायरेक्शनल ट्रेंड को तय करेगी।
