NEET-UG 2027: परीक्षा पैटर्न में बड़ा बदलाव! कंप्यूटर-आधारित फॉर्मेट पर सरकार का बड़ा कदम

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AuthorAditya Rao|Published at:
NEET-UG 2027: परीक्षा पैटर्न में बड़ा बदलाव! कंप्यूटर-आधारित फॉर्मेट पर सरकार का बड़ा कदम

NEET-UG 2027 के आयोजन को लेकर केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट को बड़ी जानकारी दी है। परीक्षा की शुचिता बनाए रखने के लिए अब इसे कंप्यूटर-आधारित (Computer-Based) फॉर्मेट में शिफ्ट करने पर विचार किया जा रहा है।

डिजिटल बदलाव की तैयारी

NEET-UG 2027 को लेकर सरकार एक बड़े बदलाव की योजना बना रही है। सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान सरकार ने संकेत दिए हैं कि परीक्षा को पूरी तरह से डिजिटल फॉर्मेट में ले जाने पर विचार चल रहा है। जस्टिस पीएस नरसिम्हा और जस्टिस आलोक अराधे की बेंच ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में किसी भी तरह की गड़बड़ी को रोकने के लिए पुख्ता और स्थायी समाधान की जरूरत है।

टास्क फोर्स की भूमिका

इस पूरी प्रक्रिया के केंद्र में नंदन नीलेकणि की अध्यक्षता वाली हाई-पावर्ड टास्क फोर्स है। सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने बताया कि सरकार इस टास्क फोर्स के साथ मिलकर डिजिटल टेस्टिंग की लॉजिस्टिक्स और फीजिबिलिटी पर काम कर रही है। कोर्ट ने इस टास्क फोर्स को 2 हफ्ते के भीतर अपनी रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया है, जिसमें डिजिटल माइग्रेशन का पूरा रोडमैप शामिल होगा।

NTA में बड़े सुधार और स्थायी स्टाफ

कोर्ट ने केवल एग्जाम फॉर्मेट ही नहीं, बल्कि नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) के ढांचे में भी बड़े बदलावों पर जोर दिया है। वर्तमान में NTA में डेपुटेशन पर आए अधिकारियों की संख्या काफी ज्यादा है, जिसे कोर्ट ने कार्यकुशलता के लिए बाधक माना है। कोर्ट ने निर्देश दिए हैं कि एजेंसी के कम से कम 50% स्टाफ को स्थायी (Permanent) बनाया जाए ताकि संस्था में जवाबदेही बनी रहे।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम

परीक्षा की गोपनीयता को चाक-चौबंद करने के लिए NTA ने पहले ही अपने कॉन्फिडेंशियल ऑपरेशंस को मिंटो रोड स्थित हाई-सिक्योरिटी फैसिलिटी में शिफ्ट कर दिया है। अब इस जगह की सुरक्षा का जिम्मा सेंट्रल इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स (CISF) के हाथों में है। इसके अलावा, साइबर सिक्योरिटी और रिसर्च के लिए विशेषज्ञों की भर्ती भी शुरू कर दी गई है और टॉप लेवल पर सेक्रेटरी-स्तर के डायरेक्टर-जनरल की नियुक्ति की गई है।

आने वाले हफ्तों में टास्क फोर्स की रिपोर्ट इस दिशा में सबसे महत्वपूर्ण कदम साबित होगी, जो तय करेगी कि क्या 2027 का एग्जाम पूरी तरह से डिजिटल होगा या नहीं।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.