Manipur: Kamjong जिले में आगजनी के बाद बढ़ी हलचल, सुरक्षा व्यवस्था सख्त

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AuthorAditya Rao|Published at:
Manipur: Kamjong जिले में आगजनी के बाद बढ़ी हलचल, सुरक्षा व्यवस्था सख्त

Manipur के Kamjong जिले में अज्ञात लोगों द्वारा **15** खाली घरों को आग के हवाले करने के बाद तनाव बढ़ गया है। स्थिति को काबू में करने के लिए सुरक्षा बलों ने निगरानी बढ़ा दी है।

मणिपुर के कामजोंग (Kamjong) जिले में हुई हालिया आगजनी की घटना के बाद सुरक्षा बलों ने निगरानी और गश्त बढ़ा दी है। खोईकाई (Khoikai) गांव में अज्ञात समूहों ने 15 खाली घरों को जलाकर राख कर दिया। यह इलाका अप्रैल महीने से ही जातीय तनाव के कारण काफी हद तक सुनसान पड़ा है। इस घटना के बाद सीमावर्ती जिलों में कानून-व्यवस्था की समीक्षा तेज कर दी गई है।

स्थानीय चिंताएं और जांच

घटना के बाद उखरूल (Ukhrul) की 'वर्किंग कमेटी ऑफ द तंगखुल नागा' ने इस आगजनी के लिए कुकी मिलिटेंट्स को जिम्मेदार ठहराते हुए चिंता जाहिर की है। पटलीजंग, लांचा और फाइमोल में हुई संपत्ति के नुकसान के साथ इन आरोपों की भी आधिकारिक जांच की जा रही है। निवेशकों और स्थानीय पर्यवेक्षकों के लिए, राज्य में जारी यह सुरक्षा अस्थिरता एक चिंता का विषय है, क्योंकि इसका सीधा असर लॉजिस्टिक्स, बुनियादी ढांचे के विकास और व्यापार निरंतरता पर पड़ता है।

प्रशासन का एक्शन प्लान

मणिपुर के डीजीपी मुकेश सिंह ने स्थिति का जायजा लेने के लिए जिले का दौरा किया है। सरकार ने बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स (BSF) और असम राइफल्स (Assam Rifles) के साथ मिलकर संयुक्त अभियान चलाने की तैयारी की है। इसके साथ ही, इम्फाल पश्चिम में एक ऑपरेशन के दौरान पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (PLA) के एक कैडर 'मोइरांगथेम नेल्सन मेईतेई' को भी गिरफ्तार किया गया है।

राज्य प्रशासन अब सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही भड़काऊ सामग्री को रोकने और दंगों के दौरान लूटे गए अवैध हथियारों को बरामद करने पर जोर दे रहा है। पुलिस स्मृति दिवस के मौके पर अधिकारियों ने जोर दिया कि क्षेत्र में शांति बहाल करने के लिए स्थानीय समुदाय का सहयोग बेहद जरूरी है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.