ICICI Prudential AMC के शेयरों में **1.4%** की गिरावट आई, जबकि कंपनी ने जून तिमाही में **23.1%** की जोरदार सालाना मुनाफे में बढ़ोतरी के साथ **₹965 करोड़** का नेट प्रॉफिट दर्ज किया। ब्रोकरेज फर्मों जैसे HSBC और CLSA का लॉन्ग-टर्म ग्रोथ पर भरोसा बना हुआ है, लेकिन स्टॉक की यह प्रतिक्रिया ऑपरेटिंग लागतों और बाजार हिस्सेदारी में बदलाव को लेकर निवेशकों की सतर्कता को दर्शाती है।
नतीजों के बावजूद क्यों गिरी ICICI Prudential AMC?
मंगलवार को दोपहर के कारोबार में ICICI Prudential Asset Management Company के शेयर 1.4% गिरकर ₹3,160 पर आ गए। यह गिरावट तब आई जब कंपनी ने जून 2026 को समाप्त तिमाही के लिए दमदार नतीजे पेश किए। एसेट मैनेजर ने ₹965 करोड़ का नेट प्रॉफिट बताया, जो पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 23.1% ज्यादा है। वहीं, तिमाही के लिए कुल आय 17.6% बढ़कर ₹1,564.2 करोड़ रही।
वित्तीय प्रदर्शन और परिचालन लागत का खेल
जून तिमाही के नतीजों में एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) में ग्रोथ दिखी। म्यूचुअल फंड का औसत AUM बढ़कर ₹11.17 लाख करोड़ हो गया, जो पिछले साल ₹9.44 लाख करोड़ था। हालांकि, कंपनी अपने प्रॉफिट मार्जिन पर दबाव महसूस कर रही है। सालाना आधार पर प्रॉफिट तो बढ़ा है, लेकिन ऑपरेटिंग प्रॉफिट में पिछली तिमाही की तुलना में 3% की गिरावट आई है, जिसका मुख्य कारण कर्मचारी संबंधित खर्चों में बढ़ोतरी है।
विश्लेषकों का कहना है कि कंपनी में निवेशकों का पैसा तो आ रहा है, लेकिन 30 जून 2026 तक म्यूचुअल फंड में उसकी बाजार हिस्सेदारी 13.4% पर बनी हुई है। बाजार हिस्सेदारी में कुछ उतार-चढ़ाव को मार्क-टू-मार्केट (MTM) एडजस्टमेंट से भी जोड़ा जा रहा है, जिसमें मौजूदा बाजार भाव के आधार पर एसेट्स के मूल्य में बदलाव होता है।
ब्रोकरेज की राय और मार्केट का नजरिया
हालिया स्टॉक मूवमेंट के बावजूद, ग्लोबल ब्रोकरेज फर्मों का कंपनी पर सकारात्मक रुख बना हुआ है। HSBC ने 'Buy' रेटिंग बरकरार रखते हुए टारगेट प्राइस ₹3,800 रखा है। ब्रोकरेज का मानना है कि मुनाफे में बढ़ोतरी में ट्रेजरी गेन का भी योगदान रहा है और यह FY29 तक अर्निंग्स पर शेयर (EPS) में 22% की कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) का अनुमान लगा रहे हैं।
वहीं, CLSA ने 'Outperform' रेटिंग तो बनाए रखी है, लेकिन FY27 से FY29 के लिए अपने प्रॉफिट अनुमानों में 3-4% की कटौती की है। यह समायोजन परिचालन खर्चों को लेकर थोड़ी सतर्कता को दर्शाता है। आज की गिरावट के बावजूद, ICICI Prudential AMC के शेयर इस साल अब तक लगभग 20% चढ़ चुके हैं, जो Nifty 50 इंडेक्स के विपरीत है, जिसमें इसी अवधि में 7.5% की गिरावट आई है।
निवेशक इस बात पर नजर रखेंगे कि कंपनी बढ़ती परिचालन लागतों का प्रबंधन कैसे करती है और क्या वह प्रतिस्पर्धी क्षेत्र में अपनी म्यूचुअल फंड बाजार हिस्सेदारी बनाए रख पाती है या बढ़ा पाती है। बाजार की अस्थिरता को स्थिर इनफ्लो के साथ संतुलित करने की कंपनी की क्षमता, भविष्य के आय प्रदर्शन के लिए एक महत्वपूर्ण कारक बनी रहेगी।
