भावनगर में जहरीली शराब (Hooch) पीने से **13** लोगों की दर्दनाक मौत के बाद गुजरात पुलिस ने सख्ती बढ़ा दी है। पुलिस ने कच्छ के आदिपुर इलाके में चल रही एक अवैध शराब फैक्ट्री पर छापा मारा है। इस ऑपरेशन में पुलिस ने **600** भरी हुई बोतलें, करीब **9,400** खाली बोतलें और **600** लीटर खतरनाक केमिकल जब्त किए हैं।
छापेमारी और जांच का ब्योरा
पुलिस की स्टेट मॉनिटरिंग सेल ने एक सटीक ऑपरेशन के जरिए इस अवैध धंधे का पर्दाफाश किया। छापेमारी के दौरान 600 लीटर औद्योगिक केमिकल बरामद हुआ है, जिसका इस्तेमाल नकली शराब बनाने में किया जा रहा था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने मुंबई के हितेश बामनिया और मथुरा के विजेंद्र जाट को गिरफ्तार किया है। इस पूरे मामले में अब तक कुल 27 लोगों को हिरासत में लिया जा चुका है।
जांच एजेंसियों का मुख्य फोकस अब उन रास्तों और नेटवर्क पर है, जिनसे मेथेनॉल (Methanol) जैसे जहरीले तत्व राज्यों की सीमा पार कर अवैध फैक्ट्री तक पहुंच रहे थे।
बिजनेस और रेगुलेटरी असर
गुजरात में शराब बंदी के कारण इस तरह के अवैध कारोबार पर लगाम कसना सरकार की प्राथमिकता है। इस घटना का असर केमिकल, फार्मा और लॉजिस्टिक्स सेक्टर से जुड़ी कंपनियों पर भी पड़ सकता है। सरकार अब औद्योगिक सॉल्वैंट्स और रसायनों की खरीद-फरोख्त तथा उनके ट्रांसपोर्टेशन पर और अधिक सख्त निगरानी रख सकती है। ऐसी कंपनियों को अब अपने केमिकल रिकॉर्ड और डॉक्यूमेंटेशन को लेकर अधिक सतर्क रहना होगा, क्योंकि भविष्य में अनुपालन (Compliance) के नियम और कड़े किए जा सकते हैं।
