Gandhinagar Municipal Corporation चुनाव में Aam Aadmi Party (AAP) को बड़ा झटका लगा है। पार्टी का वोट शेयर **2021** के **21.77%** से घटकर महज **4.38%** रह गया है, जबकि BJP ने **38** सीटों के साथ सत्ता बरकरार रखी है।
गांधीनगर म्युनिसिपल कॉरपोरेशन (GMC) चुनाव के नतीजे गुजरात की बदलती सियासी तस्वीर को साफ बयां कर रहे हैं। मंगलवार, 13 अक्टूबर 2026 को घोषित परिणामों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 44 में से 38 सीटों पर कब्जा जमाकर अपनी पकड़ और मजबूत कर ली है।
AAP के लिए बड़ा झटका
गुजरात में खुद को 'तीसरी ताकत' के रूप में पेश करने वाली Aam Aadmi Party के लिए यह चुनाव एक बड़ा राजनीतिक रिग्रेशन साबित हुआ है। 2021 के चुनावों में 21.77% वोट शेयर पाने वाली AAP इस बार सिमटकर महज 4.38% पर आ गई है। पार्टी अपनी पिछली 1 सीट भी नहीं बचा पाई और इस बार उनका खाता भी नहीं खुला।
Congress की वापसी और बिजनेस इम्पैक्ट
दूसरी तरफ, Indian National Congress ने शानदार रिकवरी की है। पार्टी ने 5 सीटें जीतीं और उनका वोट शेयर 28.02% से बढ़कर 37.05% हो गया है। एक सीट निर्दलीय उम्मीदवार के खाते में गई है।
गुजरात भारत का एक प्रमुख इंडस्ट्रियल हब है। ऐसे में निवेशकों और कारोबारियों की नजर हमेशा राज्य की स्थिरता पर रहती है। जानकारों का मानना है कि सत्ता में स्पष्ट बहुमत और बाइपोलर (दो दलीय) राजनीति की वापसी से राज्य में नीतिगत स्थिरता (Policy Consistency) बनी रहेगी। यह इंफ्रास्ट्रक्चर और इंडस्ट्रियल पॉलिसी जैसे बड़े फैसलों के लिए अच्छा संकेत है।
2027 की बड़ी चुनौती
इस नतीजे ने AAP के सामने 2027 के गुजरात असेंबली चुनाव के लिए बड़ी रणनीतिक चुनौती खड़ी कर दी है। क्या AAP को अपनी रणनीति बदलने की जरूरत है? यह आने वाले समय में स्पष्ट होगा। वहीं, BJP के पास अब बिना किसी रुकावट के अपने प्रशासनिक एजेंडे को आगे बढ़ाने का पूरा मौका है।
