Central Mine Planning & Design Institute (CMPDI) के शेयरों में आज **8%** से ज़्यादा की तेज़ी देखने को मिली। कंपनी ने अपने मार्च 2027 में समाप्त होने वाली पहली तिमाही के लिए **54%** की शानदार बढ़ोतरी के साथ **₹116 करोड़** का शुद्ध मुनाफा दर्ज किया है। इसके अलावा, कंपनी ने **₹1.05** प्रति शेयर का अंतरिम डिविडेंड (Interim Dividend) भी घोषित किया है, जिसकी रिकॉर्ड डेट **24 जुलाई** रखी गई है।
Detailed Coverage
पहली तिमाही में दमदार ग्रोथ
Central Mine Planning & Design Institute (CMPDI) ने FY27 की पहली तिमाही (जून 2026 में समाप्त) के लिए अपने वित्तीय नतीजे पेश किए हैं। कंपनी ने ₹116.27 करोड़ का शुद्ध मुनाफा (Net Profit) दर्ज किया है, जो पिछले साल की इसी अवधि में दर्ज ₹75.56 करोड़ के मुकाबले 54% ज़्यादा है।
कंपनी के रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस (Revenue from Operations) में भी 18% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जो पिछले साल की समान अवधि के ₹409.25 करोड़ से बढ़कर ₹481.37 करोड़ हो गया है। EBITDA (ऑपरेटिंग प्रॉफिट) में 61% की ज़बरदस्त उछाल देखी गई और यह ₹168 करोड़ पर पहुंच गया। इससे पता चलता है कि कंपनी अपनी कोर सर्विस कॉस्ट्स को प्रभावी ढंग से मैनेज कर रही है।
डिविडेंड और निवेशकों के लिए अहम तारीखें
वित्तीय नतीजों के साथ-साथ, कंपनी के बोर्ड ने ₹1.05 प्रति इक्विटी शेयर का अंतरिम डिविडेंड (Interim Dividend) मंज़ूर किया है। शेयर का फेस वैल्यू ₹2 है। निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि कंपनी ने योग्य शेयरधारकों की सूची को अंतिम रूप देने के लिए 24 जुलाई को रिकॉर्ड डेट (Record Date) तय की है। डिविडेंड का भुगतान 19 अगस्त या उससे पहले पूरा होने की उम्मीद है।
कंपनी की स्थिति और मार्केट में जगह
CMPDI, Coal India Limited की 100% सहायक कंपनी है और यह माइनिंग (Mining) कंसल्टेंसी और माइन प्लानिंग (Mine Planning) की सेवाएं प्रदान करती है। यह कोयला खनन इकोसिस्टम का हिस्सा होने के कारण, इसका कारोबार सीधे तौर पर मूल कंपनी और व्यापक माइनिंग सेक्टर की कैपिटल स्पेंडिंग (Capital Spending) और विस्तार योजनाओं से जुड़ा हुआ है।
मंगलवार दोपहर तक, स्टॉक NSE पर लगभग ₹268 पर कारोबार कर रहा था, जिसका इंट्राडे हाई ₹273.50 था। इस दौरान 1.1 करोड़ से ज़्यादा शेयरों का भारी वॉल्यूम (Volume) देखा गया। जो निवेशक कंपनी की लंबी अवधि की संभावनाओं में रुचि रखते हैं, उन्हें यह देखना जारी रखना चाहिए कि कंपनी अपने प्रॉफिट मार्जिन को कैसे बनाए रखती है, क्योंकि माइनिंग सेक्टर में कंसल्टेंसी का बिज़नेस अक्सर Coal India जैसे बड़े प्लेयर्स द्वारा स्वीकृत नई इंफ्रास्ट्रक्चर और माइनिंग प्रोजेक्ट्स की मात्रा और फ्रीक्वेंसी पर निर्भर करता है। नए प्रोजेक्ट्स की जीत और माइनिंग कंसल्टेंसी की मांग की गति भविष्य में कंपनी के विकास के महत्वपूर्ण संकेतक होंगे।
