निवेशकों के लिए राहत की खबर! Bajaj Holdings के शेयर गुरुवार को **2%** चढ़कर **₹10,634** पर पहुंच गए। कंपनी ने मार्च तिमाही में शानदार मुनाफा दर्ज किया, भले ही रेवेन्यू में बड़ी गिरावट आई हो। साथ ही, कंपनी ने बड़े डिविडेंड का भी ऐलान किया है, जो बाज़ार की कमजोरी के बीच एक बड़ी राहत है।
Detailed Coverage
रेवेन्यू गिरा, पर मुनाफा डबल!
Bajaj Holdings के शेयर गुरुवार को 2% की तेजी के साथ ₹10,634 के स्तर पर कारोबार करते दिखे। यह तेजी ऐसे समय में आई है जब बाजार में गिरावट का माहौल था और सेंसेक्स (Sensex) व निफ्टी (Nifty) जैसे प्रमुख इंडेक्स भी लाल निशान में थे। एक इन्वेस्टमेंट होल्डिंग कंपनी होने के नाते, Bajaj Holdings के नतीजों का असर सीधे ग्रुप की दूसरी कंपनियों के प्रदर्शन पर निर्भर करता है।
तिमाही नतीजे: मिला-जुला असर
मार्च 2026 को समाप्त हुई तिमाही के नतीजे मिले-जुले रहे। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू पिछले साल की इसी अवधि के ₹145.26 करोड़ से घटकर ₹60.54 करोड़ रह गया। हालांकि, टॉप-लाइन में गिरावट के बावजूद, नेट प्रॉफिट दोगुना से ज्यादा बढ़कर ₹314.77 करोड़ हो गया, जो पिछले साल की मार्च तिमाही में ₹142.84 करोड़ था। यह अंतर एक होल्डिंग कंपनी के लिए सामान्य है, जहाँ मुनाफे पर सब्सिडियरी कंपनियों से मिलने वाले डिविडेंड, इन्वेस्टमेंट पोर्टफोलियो में वैल्यू में बदलाव और संपत्ति की बिक्री से होने वाले लाभ का असर पड़ता है।
सालाना प्रदर्शन और डिविडेंड का तोहफा
पूरे फाइनेंशियल ईयर 2026 में कंपनी का प्रदर्शन काफी मजबूत रहा। रेवेन्यू ₹1,069.58 करोड़ रहा, जो पिछले साल के मुकाबले 56.29% ज्यादा है। वहीं, नेट प्रॉफिट 341.79% बढ़कर ₹2,183.15 करोड़ हो गया, जो फाइनेंशियल ईयर 2025 में ₹494.17 करोड़ था। प्रति शेयर आय (EPS) भी ₹585.90 से बढ़कर ₹865.90 हो गई।
कंपनी ने निवेशकों के लिए बड़े डिविडेंड का भी ऐलान किया है। ₹80.00 प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड और ₹50.00 प्रति शेयर का स्पेशल डिविडेंड 30 जून, 2026 को दिया जाएगा। इससे पहले, सितंबर 2025 में ₹65.00 प्रति शेयर का अंतरिम डिविडेंड भी दिया गया था। लगातार डिविडेंड देना निवेशकों के लिए एक सकारात्मक संकेत माना जाता है।
आगे क्या?
निवेशकों की नजर अब 31 जुलाई, 2026 को होने वाली बोर्ड मीटिंग पर रहेगी, जहाँ जून 2026 की तिमाही के अन-ऑडिटेड वित्तीय नतीजे पेश किए जाएंगे। Bajaj Holdings का वैल्यूएशन काफी हद तक बजाज ग्रुप की कंपनियों के प्रदर्शन से जुड़ा है, इसलिए आगे सब्सिडियरी कंपनियों की परफॉर्मेंस और इन्वेस्टमेंट की वैल्यू पर नजर रखना महत्वपूर्ण होगा।
