📉 नतीजों का लेखा-जोखा
कंपनी ने Q3 FY26 के नतीजों में स्टैंडअलोन आधार पर ₹5,820.7 मिलियन का नेट प्रॉफिट (PAT) दर्ज किया, जो पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 23.3% ज्यादा है। वहीं, कंपनी का स्टैंडअलोन रेवेन्यू 5.4% घटकर ₹27,263.8 मिलियन पर आ गया। इस तिमाही में बेसिक अर्निंग्स पर शेयर (EPS) भी ₹8.13 से सुधरकर ₹10.02 हो गया।
कंसोलिडेटेड (समेकित) नतीजों पर नजर डालें तो तस्वीर थोड़ी बेहतर दिखती है। कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में 8.9% की जोरदार बढ़ोतरी के साथ यह ₹86,045.1 मिलियन तक पहुंच गया। कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट में भी 7.6% की बढ़त दर्ज की गई और यह ₹9,098.0 मिलियन रहा।
वित्तीय वर्ष 2025-26 के पहले नौ महीनों ( दिसंबर 2025 तक) के आंकड़े देखें तो कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में 7.1% का इजाफा होकर यह ₹2,46,332.4 मिलियन रहा। हालांकि, इस अवधि में नेट प्रॉफिट लगभग सपाट रहा, जिसमें 0.05% की मामूली बढ़ोतरी के साथ यह ₹25,821.3 मिलियन दर्ज किया गया।
यह भी ध्यान देने वाली बात है कि नए लेबर कोड (Labour Codes) के कारण ग्रैच्युटी और लीव लायबिलिटीज़ (gratuity and leave liabilities) में बढ़ोतरी के चलते कंपनी को स्टैंडअलोन आधार पर ₹173.8 मिलियन और कंसोलिडेटेड आधार पर ₹653.3 मिलियन का एक एक्सेप्शनल आइटम (exceptional item) दर्ज करना पड़ा।
क्यों बढ़ा मुनाफा, घटा रेवेन्यू?
स्टैंडअलोन रेवेन्यू में गिरावट के बावजूद नेट प्रॉफिट में आई इस जोरदार बढ़ोतरी के पीछे लागत में की गई कटौती (cost cutting) या फिर बेहतर प्रोडक्ट मिक्स (favourable product mix) को वजह माना जा रहा है। हालांकि, नौ महीनों के कंसोलिडेटेड प्रॉफिट में ठहराव के कारणों पर कंपनी को और गहराई से देखना होगा। यह एक्सेप्शनल आइटम रिपोर्टेड प्रॉफिट पर एक वन-ऑफ (one-off) असर डालता है।
आगे क्या? (Risks & Outlook)
निवेशकों की नजरें स्टैंडअलोन रेवेन्यू में आई इस गिरावट पर बनी रहेंगी। रणनीतिक मोर्चे पर, Aurobindo Pharma के बोर्ड ने ग्रीन एनर्जी को अपनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। कंपनी ₹66 करोड़ का निवेश करके नवीकरणीय ऊर्जा (renewable energy) फर्म Garuda Renewables में 26% तक की हिस्सेदारी खरीदेगी। इस डील का मकसद हाइब्रिड विंड और सोलर एनर्जी की खरीद के जरिए बिजली की लागत में बड़ी बचत करना और कंपनी के ESG प्रोफाइल को मजबूत करना है। इस डील के अगले छह महीनों में पूरा होने की उम्मीद है।
इसके अलावा, कंपनी अपने ऑपरेशन्स को सुव्यवस्थित करने और लागत कम करने के लिए Auro Vaccines Private Limited को Curateq Biologics Private Limited के साथ मर्ज (merger) करने का प्रस्ताव भी लाई है। कंपनी ने डॉ. (श्रीमती) पुनीता कुमार सिन्हा को अतिरिक्त निदेशक (Additional Director) के तौर पर नियुक्त किया है, जो कैपिटल मार्केट्स और गवर्नेंस में अपनी विशेषज्ञता लाएंगी। कंपनी मुख्य रूप से फार्मास्यूटिकल्स (Pharmaceuticals) सेगमेंट में काम करती है।