भारतीय-अमेरिकी डॉक्टर और विधायक Amish Shah ने एरिजोना के पहले कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट से डेमोक्रेटिक पार्टी का टिकट पक्का कर लिया है। अब उनका मुकाबला डोनाल्ड ट्रम्प के समर्थन वाले पूर्व NFL किकर Jay Feely से नवंबर में होगा।
Detailed Coverage
अमेरिकी चुनाव: Amish Shah ने जीता डेमोक्रेटिक प्राइमरी
भारतीय-अमेरिकी चिकित्सक और राज्य के विधायक Amish Shah ने एरिजोना के फर्स्ट कांग्रेसनल डिस्ट्रिक्ट के लिए डेमोक्रेटिक पार्टी का नॉमिनेशन जीत लिया है। उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी Marlene Galan-Woods को कड़ी टक्कर के बाद हराया। एरिजोना हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में तीन बार सेवा दे चुके Shah अब नवंबर में रिपब्लिकन उम्मीदवार Jay Feely के खिलाफ चुनाव लड़ेंगे।
रोमांचक मुकाबला तय
यह मुकाबला काफी दिलचस्प होने की उम्मीद है क्योंकि Jay Feely, जो पूर्व NFL किकर रह चुके हैं, उन्हें पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प का समर्थन प्राप्त है। Amish Shah के लिए यह सीट जीतने का लगातार दूसरा प्रयास होगा, क्योंकि उन्होंने 2024 के आम चुनाव में बहुत कम अंतर से हार का सामना किया था। यह जिला, जिस पर पहले रिपब्लिकन David Schweikert का कब्जा था, दोनों पार्टियों के लिए एक महत्वपूर्ण चुनावी मैदान है, क्योंकि वे अमेरिकी हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स में अपनी स्थिति मजबूत करना चाहते हैं।
अनोखा प्रोफेशनल कनेक्शन
राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता से परे, दोनों उम्मीदवारों के बीच एक अनोखा पेशेवर संबंध भी है। Amish Shah पहले न्यूयॉर्क जेट्स (New York Jets) के टीम फिजिशियन के रूप में काम कर चुके हैं, जो वही NFL टीम है जहाँ Jay Feely किकर थे। यह व्यक्तिगत इतिहास उनके वर्तमान राजनीतिक मुकाबले में एक दिलचस्प परत जोड़ता है।
पृष्ठभूमि और चुनावी एजेंडा
Amish Shah, गुजराती प्रवासियों के बेटे हैं और उनका जन्म शिकागो में हुआ था। उन्होंने इमरजेंसी मेडिसिन में विशेष प्रशिक्षण लिया है और UC Berkeley से पब्लिक हेल्थ में मास्टर्स डिग्री हासिल की है। अपने राजनीतिक करियर में, उन्होंने जमीनी स्तर पर प्रचार पर ध्यान केंद्रित किया है, और प्राइमरी चरण के दौरान लगभग 28,000 परिवारों से सीधे जुड़ने की रिपोर्ट है। अपने मेडिकल और राजनीतिक कार्यों के अलावा, Shah सामुदायिक और परोपकारी पहलों में भी सक्रिय रहे हैं, जिसमें उन्होंने Arizona Vegetarian Food Festival की स्थापना की और कला शिक्षा व पशु कल्याण पर केंद्रित चैरियों में भी भाग लिया है।
जैसे-जैसे नवंबर के चुनाव नजदीक आ रहे हैं, दोनों उम्मीदवार जिले में समर्थन जुटाने के लिए अपनी रणनीतियों पर ध्यान केंद्रित करेंगे। इस जिले में वोटों के कम अंतर को देखते हुए, यह देखना अहम होगा कि Shah और Feely अपने-अपने समर्थकों को कितना एकजुट कर पाते हैं और स्वतंत्र मतदाताओं को कितना आकर्षित कर पाते हैं।
