Kotak Mutual Fund: Yes Bank केस में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद इन 2 Debt Funds में निवेश पर रोक

MUTUAL-FUNDS
Whalesbook Logo
AuthorNeha Patil|Published at:
Kotak Mutual Fund: Yes Bank केस में सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद इन 2 Debt Funds में निवेश पर रोक

Kotak Mutual Fund ने अपने Medium Term Fund और Credit Risk Fund में नए निवेश पर अस्थाई रोक लगा दी है। यह फैसला Yes Bank के AT-1 बॉन्ड्स पर आए सुप्रीम कोर्ट के ऐतिहासिक आदेश के बाद लिया गया है।

सुप्रीम कोर्ट द्वारा 2020 में Yes Bank के स्पेशल AT-1 बॉन्ड्स को जीरो करने के फैसले को पलटने के बाद, Kotak Mutual Fund ने अपने दो बड़े फंड्स—Medium Term Fund और Credit Risk Fund में नए निवेश को पूरी तरह बंद कर दिया है। इसमें लंपसम, SIP और स्विच के जरिए होने वाली एंट्री भी शामिल है।

क्यों लिया गया यह बड़ा कदम?

साल 2020 में जब Yes Bank का संकट सामने आया था, तब इन बॉन्ड्स की वैल्यू को जीरो कर दिया गया था। अब सुप्रीम कोर्ट ने बॉम्बे हाई कोर्ट के उस फैसले को सही ठहराया है जिसमें इन राइट-ऑफ (Write-off) को अवैध माना गया था। चूंकि इन बॉन्ड्स की वैल्यू अब अचानक से बदल गई है, इसलिए एसेट मैनेजमेंट कंपनी के लिए एसेट री-वैल्यूएशन की स्थिति पैदा हो गई है।

मौजूदा निवेशकों पर क्या असर होगा?

फंड हाउस का कहना है कि यह कदम केवल निवेशकों के हितों की रक्षा के लिए उठाया गया है। यदि निवेश की प्रक्रिया जारी रहती, तो नई वैल्यूएशन के चलते पुराने यूनिट होल्डर्स के निवेश की वैल्यू डाइल्यूट (Dilute) हो सकती थी।

फिलहाल, जो लोग पहले से ही इन फंड्स में इन्वेस्टेड हैं, वे अपने पैसे निकाल सकते हैं या बने रह सकते हैं। फंड हाउस ने साफ किया है कि यह पाबंदी सिर्फ फ्रेश इनफ्लो पर है। निवेशकों को अब इस बात पर नजर रखनी होगी कि Yes Bank से इन बॉन्ड्स की रिकवरी कितनी और कब होती है, जिसके बाद ही फंड्स का NAV (Net Asset Value) फिर से सेट किया जाएगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.